ये जानकारी भी सामने आई है कि, युवक के परिजन ने ही तीन दिन पहले साईंखेड़ा थाने में उसकी शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में परिजन का कहना था कि, युवक की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है, जिसके कारण वो किसी पर भी हमला कर देता है। लोगों के लिए ये किसी भी बड़े खतरे का सबब बन सकता है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस के एक सिपाही ने युवक के घर जाकर उसे रस्सियों से बांध दिया और परिजन से उसे अस्पताल ले जाने को कहा। हालांकि, परिजन ने एक कदम आगे जाकर युवक को जंजीरों में जकड़कर ताले लगा दिए। बताया जा रहा है कि, बीते तीन दिनों से युवक इसी तरह जजीरों में जकड़ा हुआ है। हालांकि, जिला अस्पताल में कोई मनोचिकित्सक न मिलने के कारण परिजन को युवक को लेकर बिना दिखाए ही वापस लौटना पड़ा।