1 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Bharatpur News: आटा फैक्ट्री में करंट लगने से मजदूर की मौत, 2 साल पहले हुई थी शादी, मोर्चरी के बाहर हंगामा

भरतपुर जिले में आटा फैक्ट्री में करंट लगने से 33 वर्षीय मजदूर की मौत के बाद आरबीएम अस्पताल की मोर्चरी के बाहर हंगामा हो गया। परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मुआवजे की मांग की। मृतक की दो साल पहले ही शादी हुई थी और 7 महीने की बेटी है।
2 min read
Google source verification
Bharatpur death

Bharatpur: मृतक चौहल सिंह (फाइल फोटो-पत्रिका)

भरतपुर। बृज औद्योगिक क्षेत्र स्थित रीको में आटा फैक्ट्री में काम करने के दौरान एक मजदूर की करंट लगने से मौत हो गई। हादसे के बाद मृतक के परिजन और उनके साथ आए लोगों ने आरबीएम अस्पताल की मोर्चरी के बाहर हंगामा कर दिया। परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मुआवजे की मांग की। इस दौरान फैक्ट्री मालिक के साथ धक्का-मुक्की भी हो गई। हंगामे के बीच फैक्ट्री मालिक मौके से चला गया। बाद में दोनों पक्षों के बीच बातचीत के बाद समझौता हुआ, जिसके बाद शव का पोस्टमार्टम कराया गया और परिजन अंतिम संस्कार के लिए शव को ले गए।

मृतक के चचेरे भाई समय सिंह ने बताया कि चौहल सिंह उर्फ मोनू (33) पुत्र भगत सिंह निवासी नगला आजऊ सीही, कुम्हेर रीको स्थित बिंदल फ्रूट आटा मिल में हेल्पर के रूप में काम करता था। फैक्ट्री में काम करने के दौरान उसे करंट लग गया। करंट लगने के बाद उसकी हालत गंभीर हो गई। उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।

मोर्चरी के बाहर परिजनों ने किया हंगामा

चौहल सिंह की मौत की सूचना मिलने के बाद परिजन और परिचित आरबीएम अस्पताल की मोर्चरी पहुंचे। यहां परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों ने मुआवजे की मांग को लेकर फैक्ट्री मालिक से बातचीत की। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की हो गई। स्थिति को देखते हुए फैक्ट्री मालिक मौके से चला गया।

समझौते के बाद कराया पोस्टमार्टम

हंगामे के बाद दोनों पक्षों के बीच बातचीत हुई और समझौता हो गया। इसके बाद पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी होने के बाद परिजन चौहल सिंह के शव को अंतिम संस्कार के लिए ले गए।

दो साल पहले हुई थी शादी, 7 महीने की बेटी

परिजनों के अनुसार चौहल सिंह की शादी करीब दो साल पहले हुई थी और उसकी सात माह की बेटी है। परिवार में एक अविवाहित दिव्यांग बहन भी है, जबकि उसके पिता कैंसर से पीड़ित हैं। परिजनों का कहना है कि चौहल सिंह ही परिवार में कमाने वाला मुख्य व्यक्ति था। उसकी मौत के बाद परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

यह वीडियो भी देखें :

बड़ी खबरें

View All

भरतपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग