
Medical Studies (एमपी में डॉक्टर बनना हुआ महंगा Photo Source- Patrika)
MP News :मध्य प्रदेश में डॉक्टर बनने का सपना देख रहे छात्रों के लिए अब निजी मेडिकल कॉलेजों से पढ़ाई करना अब और भी महंगा पड़ेगा। प्रदेश में एमबीबीएस की फीस में 10 फीसदी तक की बढ़ोतरी कर दी गई है। निजी कॉलेजों में सालाना फीस अब 18.08 लाख रुपए तक पहुंच गई है। यानी पिछले साल के मुकाबले छात्रों को 1.58 लाख रुपए ज्यादा देने होंगे। हालांकि, राहत की बात ये है कि, सरकारी मेडिकल कॉलेजों में फीस में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। लेकिन, जैसा की भी जानते हैं कि, सरकारी कॉलेजों में एविलेबिल सीट्स के हिसाब से कटऑफ नंबर लाने वाले को ही ये लाभ मिलेगा।
सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस की वार्षिक फीस 1.14 लाख रुपए ही रहेगी। चिकित्सा शिक्षा संचालनालय (डीएमई) की ओर से जारी नई फीस संरचना के अनुसार निजी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस की फीस पिछले साल के 16.50 लाख रुपए से बढ़कर 18.08 लाख रुपए कर दी गई है। इसमें 25 हजार रुपए कॉशन मनी भी शामिल है।
प्रदेश के 20 सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस की सालाना फीस में किसी भी प्रकार का बदलाव नहीं किया गया है। इन कॉलेजों के छात्र - छात्राओं को पिछली साल की तरह इस शेक्षणिक सत्र के लिए भी एक लाख रुपए ट्यूशन फीस और 14 हजार रुपए कॉशन मनी के रूप में यानी कुल 1.14 लाख रुपए जमा कराने होंगे। निजी और सरकारी कॉलेजों की फीस में अंतर अब भी कई गुना अधिक है।
यही नहीं, इसके अलावा एनआरआई कोटे से एमबीबीएस करना भी इस साल से महंगा हो गया है। विभिन्न निजी मेडिकल कॉलेजों में एनआरआई कोटे की फीस 33.9 लाख से 53.5 लाख रुपए तक पहुंच गई है। पिछले साल ये करीब 49 लाख रुपए तक थी। यानी कुछ कॉलेजों में फीस में कई लाख रुपए का अंतर आया है। यही नहीं, इसके अलावा राज्य के निजी कॉलेजों में बीडीएस की फीस भी करीब 8 फीसदी तक बढ़ाई गई है। आपको बता दें कि, नई फीस नीट यूजी 2026-27 काउंसलिंग में लागू की जाएगी।
Updated on:
22 Aug 2026 08:45 am
Published on:
22 Aug 2026 08:45 am
