हर माह बोर्ड की बैठक होनी चाहिए। पार्षद रमेश चौधरी, नरेन्द्र निर्मल, हेमराज गुर्जर, रेणु वर्मा, उपाध्यक्ष देवेन्द्र सिंह ने सामुदायिक शौचालयों के निर्माण में घटिया सामग्री उपयोग में लेने का आरोप लगाया। अधिशासी अधिकारी जितेन्द्र मीणा द्वारा जांच कराने का आश्वासन देने के बाद ही पार्षद शांत हुए।