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अंपायर नहीं बदलते अपना फैसला, तो जापान से हार सकता था भारत, जानें क्या-क्या हुआ आखिरी ओवर में

India vs Japan Match Controversy: एशियन गेम्‍स 2026 से पहले यह साबित हो गया है कि अंपायर का फैसला अंतिम नहीं होता। जापान बनाम भारत मुकाबले के दौरान आखिरी ओवर में वाइड को लेकर काफी बहस हुई, लेकिन अंत में अंपायर ने अपनी गलती मानते हुए सही फैसला लिया। अगर ऐसा नहीं होता, तो भारत इस मैच को हार सकता था। आइये आपको भी बताते हैं कि आखिरी ओवर में क्या-क्‍या हुआ?
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भारत

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lokesh verma

Sep 22, 2026

India vs Japan Match Controversy

अंपायर के फैसले का विरोध करते गेंदबाज अक्षर पटेल। (फोटो सोर्स: एक्‍स@/cricinfo)

India vs Japan T20I Match Controversy:एशियन गेम्‍स 2026 में अपने अभियान का आगाज करने से पहले भारतीय टीम और जापान के बीच मंगलवार को एकमात्र टी20 इंटरनेशनल मुकाबला खेला गया। इस मैच में जापान की पारी के दौरान आखिरी ओवर में अंपायर के वाइड के फैसले को लेकर विवाद खड़ा हो गया। भारतीय कप्‍तान श्रेयस अय्यर समेत कई प्‍लेयर्स ने विरोध किया। वाइड का फैसला पलटने को लेकर काफी बहस हुई और अंत में अंपायर को अपना फैसला पलटना ही पड़ा। अगर, वह ऐसा नहीं करते, तो इस मैच का नतीजा जापान के पक्ष में भी जा सकता था। आखिरी ओवर में आखिर क्‍या-क्‍या हुआ आइये आपको भी विस्‍तार से बताते हैं।

आखिरी ओवर में क्या हुआ?

बारिश के चलते 15-15 की कटौती के साथ मैच को 5-5 ओवर का कर दिया गया था। आखिरी ओवर में भारत को हराने के लिए जापान को चार गेंदों पर आठ रन की दरकार थी। नमी वाली पिच पर यह एक नामुमकिन सा लक्ष्‍य लग रहा था। इसी बीच बाएं हाथ के बल्‍लेबाज अलेक्जेंडर शिराई-पैटमोर ने अक्षर पटेल के खिलाफ रिवर्स हिट करने का प्रयास किया। वह बीट हुए और गेंद उनके लेग साइड में चली गई। स्ट्राइकर एंड पर मौजूद अंपायर क्रिस थर्गेट (जापान) ने इसे वाइड करार दिया। जबकि यह उनका 18वां टी20 इंटरनेशनल मुकाबला था।

अंपायर के इस फैसले से भारतीय खिलाड़ी हैरान रह गए, क्योंकि लिमिटेड ओवर्स के इंटरनेशनल मैचों में करीब 10 साल से ऐसी गेंदों को वाइड नहीं करार दिया गया। इसके अगली ही गेंद पर बल्‍लेबाज ने फिर रिवर्स हिट का प्रयास किया और वह फिर से बीट हुए और गेंद लेग साइड से गई। अंपायर ने भी फिर से वाइड का फैसला दिया। इससे भारतीय कप्‍तान श्रेयस अय्यर समेत अन्‍य खिलाड़ी काफी गुस्से में नजर आए और अंपायर से बहस की, क्‍योंकि यहां से जापान को चार गेंदों पर छह रन की दरकार थी।

लेग अंपायर ने पलटवाया फैसला

भारत ने अगली गेंद ने फेंकते हुए अपना विरोध जारी रखा। इसी बीच लेग अंपायर और आईसीसी के एलीट पैनल के सदस्य क्रिस ब्राउन (न्यूजीलैंड) बीच में आए और अपने साथी अंपायर से अपना फैसला ठीक करने को कहा। थर्गेट ने उनकी बात मानते हुए वाइड के फैसले को वापस ले लिया। इसके बाद फिर से तीन गेंदों पर सात रन हो गया और भारत ने दो रन से करीबी जीत दर्ज की।

क्‍या है आईसीसी का नियम?

वाइड के फैसले को लेकर आईसीसी की ओर से अंपायर्स को साफ-साफ गाइडलाइन दी है कि अगर कोई बल्‍लेबाज रिवर्स या स्विच हिट करने की कोशिश करता है, तो विकेट के दोनों तरफ को ऑफ साइड माना जाएगा। अगर कोई बल्‍लेबाज स्टांस बदलने का नाटक भी करता है और फिर अपने नॉर्मल स्टांस पर लौट आता है, तो भी दोनों तरफ को ऑफ साइड माना जाएगा।