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Ghaziabad: 100 साल की चंद्रो सड़क पर करती हैं जूते पॉलिश, वजह जानकर आप भी करेंगे तारीफ

Highlights गाजियाबाद के साहिबाबाद इलाके में रहती हैं चंद्रो मूल रूप से बिहार की रहने वाली हैं बुजुर्ग घर में बेटे के अलावा पोते और पोतियां भी हैं
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गाज़ियाबाद

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sharad asthana

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Updated: 11 Mar 2020, 2:33 PM IST

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गाजियाबाद। 8 मार्च को पूरी दुनिया में अंतरराष्‍ट्रीय महिला दिवस के रूप में मनाया गया। इस दौरान देश की आधी आबादी को सम्‍मानित भी किया गया। साथ ही लोगों के लिए प्रेरणा बन चुकी कई महिलाओं की कहानियां भी लोगों को सुनाई गईं। इस बीच गाजियाबाद में एक अनजान वृद्धा का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। जिसने भी वह वीडियो देखा, वह उनकी तारीफ करते नहीं थक रहा है।

काफी समय से कर रही हैं यह काम

मूल रूप से बिहार की रहने वाली चंद्रो साहिबाबाद में रहती हैं। 100 साल की चंद्रो देवी क्षेत्र में सड़क पर शू पॉलिश का काम करती हैं। कई दशक से चंद्रो देवी इस काम को कर रही हैं। लोग दूर-दूर से उनके पास अपने टूटे हुए जूते चप्पल ठीक करवाने के लिए आते हैं। आज भी वह अपने रूटीन काम पर ही नजर आती हैं।

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ये लोग हैं घर में

ऐसा नहीं है कि उनके घर में कोई नहीं है। उनके परिजनों के बारे में पूछने पर उन्‍होंने कहा कि उनका बेटा, बेटी, पोता, पोती सब घर में मौजूद हैं। उनके परिजनों का यह भी कहना है कि अब इस उम्र में यह काम करना ठीक नहीं है। वह घर बैठें और आराम करें लेकिन वह इसके लिए तैयार नहीं हैं। वह भले ही 100 साल की हो गई हों लेकिन उनका जज्बा कम नहीं है। उनका यहां तक कहना है कि यदि वह घर में बैठकर पोती-पोतों या बेटे से सेवा करवाती तो शायद 100 साल की उम्र तक नहीं पहुंच पातीं।

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बेटा मना करता है काम करने से

चंद्रो देवी का बेटा उनको काम करने के लिए मना भी करता है, लेकिन वह कहती हैं कि उन्हें घर पर बैठना अच्छा नहीं लगता, इसलिए रोजाना अपने काम पर आ जाती हैं। उन्होंने अपने बच्चों को इसी काम से पाल पोस कर बड़ा किया है। चंद्रो जी कहती हैं कि वह अपने काम को कैसे छोड़ दें? उन्‍होंने कहा कि उनके बच्‍चे दुकान में काम करते हैं। इस काम से उनको रोजाना 50-100 रुपये मिल जाते हैं। वह सुबह यहां आ जाती हैं और रात में करीब 8 बजे तक रहती हैं।