
गाजियाबाद।श्मशान घाट को हर शख्स की आखिरी मंजिल माना जाता है। यहां पर आकर सारे सुख, दुख और मोह से लोगों को मुक्ति मिल जाती है। इसलिए मंदिर की तरह इसे बेहद पवित्र दृष्टि से देखा जाता है। लेकिन, गाजियाबाद में नगर निगम के ठेकेदार की लापरवाही की वजह से लोगों की आस्था और पवित्रता के साथ खिलवाड़ की जा रही है। आवारा पशु श्मशान घाट में अंतिम संस्कार स्थल पर वितरण करके शवों को चढाई जाने वाली सामग्री को खाकर आस्था के साथ में खिलवाड़ कर रहे हैं।
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समाजसेवी ने की सीएम से शिकायत
समाजसेवी और पर्यावरण विद आकाश विशिष्ट ने इसके लिए नगर निगम के ठेकेदार पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। इस संबंध में आकाश विशिष्ट ने आईजीआरएस के जरिए सीएम योगी आदित्यनाथ से मामले की शिकायत की है। पांच फरवरी को की गई शिकायत को अपर मुख्य सचिव, सचिव नगर विकास तथा नगरीय रोजगार एवमं गरीब उन्मूलन को प्रेषित किया गया है।
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श्मशान घाट में घुस जाते हैं जानवर
आकाश विशिष्ट ने बताया कि श्मशान घाट में अक्सर गोवंश पशु घुस आते है। ये श्मशान भूमि के आसपास प्लेटफार्मों के पड़े सामग्री को खाते हैं। किसी भी शख्स के शव दहन के अगले दिन लोग मृतक के फूल लेने के लिए आते है। इस दौरान वहां पर खाने-पीने की सामग्री को पशु खा जाते हैं, जिससे लोगों की भावना आहत होती है। उन्होंने पत्र में लिखा है कि अगर नगर निगम के ठेकेदार अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए रोक लगाते तो बेहतर होता।
हिंडन शमशान घाट की जिम्मेदारी संभालने वाली श्री धार्मिक रामचन्द्र सीतादेवी हरनंदी सेवा संस्था के अध्यक्ष मनीष पंडित ने बताया कि श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार होने के अगले दिन लोग आते हैं। वो प्राणी (गौग्रास के लिए सामान) निकाल कर जाते हैं। जिन्हें उठवाकर एक साइड में खाली पड़े प्लेटफार्म पर रख दिया जाता है। उन्होंने कहा कि कूड़े में सामान के फेंके जाने से बेहतर है कि ये गौमाता के खाने में चला जाए। बाकि शमशान घाट चारों तरफ से बाउंड्री से कवर है कभी कभार सांई उपवन की तरफ से कोई जानवर आ जाता है।
Updated on:
7 Feb 2018, 3:44 PM IST
Published on:
7 Feb 2018, 3:29 PM IST
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