
गुना बस हादसे के बाद सरकार का सख्त एक्शन, कलेक्टर, SP और ट्रांसपोर्ट कमिश्नर हटाए गए
मध्य प्रदेश के गुना जिले में बीती रात यात्री बस और डंपर की जोरदार टक्कर के बाद बस में आग लगने से 13 बस यात्रियों की आग में झुलसकर मौत हो गई थी। अब इस दिल दहला देने वाले बस हादसे में प्रशासनिक लापरवाही सामने आने के बाद मध्य प्रदेश सरकार ने बड़ा और सख्त एक्शन लेते हुए गुना कलेक्टर, गुना एसपी के साथ साथ गुना परिवहन आयुक्त को तत्काल प्रभाव से हटा दिया है।
40 यात्रियों से भरी बस में डंपर से टकक्र के बाद लगी आग के बाद 13 यात्रियों की जलकर दर्दनाक मौत हो गई। इस मामले में लापरवाही और अनदेखियों के चलते 13 परिवारों में मातम पसर गया। बुधवार देर रात हुई इस दर्दनाक दुर्घटना की शुरुआती जांच में ही ये बात सामने आई है कि बस संचालकों द्वारा यहां लापरवाही बरती जा रही है, साथ ही सरकारी अफसरों द्वारा इस जानलेवा लापरवाही में अनदेखी बरती गई है। इस मामले में तत्काल संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सख्त तेवर दिखाए थे। उन्होंने स्पष्ट कहा था कि दोषी चाहे कोई भी हो किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा और अब जिले में इतने बड़े पैमाने पर कार्रवाई की गई है।
जांच में खुली पोल
अब तक की गई जांच में लापरवाही और अनदेखी की पोल खुली है कि किस तरह बस संचालकों की लापरवाही और प्रशासनिक अनदेखी के चलते सड़कों पर बसें अवैध तरीके से दौड़ती जा रही है और कई जिंदगियां रौंदी जा रही हैं। लेकिन कोई भी जिम्मेदार इनपर एक्शन लेने वाला नहीं है। जांच में ये भी सामने आया कि जिस बस में आग लगी, उसका न तो फिटनेस सर्टिफिकेट था और ना ही उसका बीमा था। यहां तक कि बस का रजिस्ट्रेशन तक नहीं था। वहीं बस का परमिट भी एक्सपायर हो चुका था। लेकिन आरटीओ की ओर से ऐसी अवैध बसों के संचालन पर कोई कार्रवाई नहीं की।
सरकार का सख्त एक्शन
अब इस मामले में मध्य प्रदेश सरकार ने सख्त एक्शन लेते हुए गुना कलेक्टर तरुण राठी, गुना पुलिस अधीक्षक विजय खत्री और गुना परिवहन आयुक्त संजय झा को उनके पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया है। इससे पहले सुबह मुख्यमंत्री मोहन यादव के निर्देश पर आरटीओ और सीएमओ को भी हटा दिया था। प्रमुख सचिव सुखबीर सिंह को भी परिवहन विभाग के प्रमुख सचिव के अतिरिक्त दायित्व से मुक्त किया गया है। अपर मुख्य सचिव राजेश राजोरा को परिवहन विभाग का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। गुना जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रथम कौशिक को कलेक्टर का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। साथ ही मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मामले की उच्च स्तरीय जांच के साथ साथ परिवहन विभाग को सगन जांच के आदेश दिए हैं।
सीएम मोहन यादव ने किया ट्विट
'कलेक्टर और एसपी साहब से बात की थी। अभी मैं स्वयं जा रहा हूं। बहुत ही हृदय विदारक घटना है। हम कोशिश करेंगे कि ऐसे हादसे भविष्य में न हों। कल रात को ही मैंने जांच के आदेश दिए थे। जांच का विषय है कि बस का परमिट नहीं था तो, बस कैसे चल रही थी। हादसे की वजह यदि टर्निंग पॉइंट रहा, तो ऐसे डेंजर जोन के लिए हम क्या कर सकते हैं विचार करेंगे। दुख की इस घड़ी में मैं परिवार के साथ हूं। घायलों को लेकर हमारी संवेदना हैं। उम्मीद करते हैं कि प्रशासन ऐसी घटनाओं को लेकर मुस्तैद रहे, ताकि दोबारा न हों इसके प्रबंध किए जा सकें।'
Published on:
28 Dec 2023 05:29 pm
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