इंदौर. मध्य प्रदेश के आर्थिक नगर इंदौर में बुधवार को आयोजित कुशाभाऊ ठाकरे के जन्म शताब्दी वर्ष के अवसर पर शामिल होने पहुंचे केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान नई शिक्षा नीति पर चर्चा के दौरान हिंदी भाषा को लेकर भी अहम बात की। भाषाओं को लेकर भ्रम के सवाल पर उन्होंने कहा कि, ये भ्रम राजनैतिक है भारत की सभी भाषाएं महत्वपूर्ण हैं, सभी का एक ही भाव एक है। उन्होंने आगे ये भी कहा कि, जितनी महत्वपूर्ण भाषा हिंदी है, उत्नी ही दूसरी भाषाएं भी महत्वपूर्ण हैं, फिर भले ही वो मराठी हो, गुजराती हो, तमिल हो, तैलुगू हो या फिर कोई अन्य भाषा। बता दें कि, आयोजन में पूर्व लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन, भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय समेत कई प्रमुख लोग शामिल थे।