
Double life imprisonment: युवक को दोहरी उम्रकैद (Photo Source - Patrika)
Indore news: एमपी के इंदौर शहर में नाबालिग के प्यार में प्रेमिका के माता-पिता की घर में घुसकर धारदार हथियारों से हत्या करने वाले को जिला कोर्ट ने दोहरी उम्रकैद की सजा सुनाई है। एरोड्रम थाना क्षेत्र में हुए दोहरे हत्याकांड में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश हेमंत कुमार रघुवंशी की कोर्ट ने मुख्य आरोपी डीजे उर्फ धनंजय उर्फ शुभांशु यादव को दो हत्याओं के लिए दोहरे आजीवन कारावास के साथ अन्य गंभीर धाराओं में भी अलग-अलग सजा सुनाई है। 33 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया है।
विशेष लोक अभियोजक आरती भदौरिया ने बताया कि वैज्ञानिक सबूतों के साथ 25 गवाहों के बयान और सबूत कोर्ट में पेश किए गए थे। धनंजय को दो हत्याओं में दोहरा आजीवन कारावास, रात को घर में घुसने की धारा में 10 साल, घातक र हथियारों के साथ लूट की धारा में सात वर्ष और अवैध तरीके से धारदार हथियार रखने के आरोप में। साल की सजा सुनाई है। इस मामले में आरोपी एबाल अपचारी के खिलाफ अलग से चालान पेश किया गया था।
जानकारी के लिए बता दें कि वारदात 16-17 दिसंबर 2020 की रात थाना एरोड्रम क्षेत्र के रुक्मणी नगर की है। ऋषभ शर्मा ने पुलिस को सूचना दी थी कि उसके माता-पिता ज्योतिप्रसाद शर्मा और नीलम शर्मा रात में सोने गए थे, जबकि वह दादा-दादी के घर रुक गया था। सुबह जब वह माता-पिता को उठाने पहुंचा तो घर का दरवाजा नहीं खुला। काफी प्रयास के बाद उसने खिड़की से देखा कि पिता खून से लथपथ फर्श पर पड़े थे और मां बिस्तर पर मृत अवस्था में थी। ताला तोड़कर अंदर पहुंचने पर दोनों की धारदार हथियार से हत्या की पुष्टि हुई।
पुलिस को मौके पर मृतकों की नाबालिग बेटी की कॉपी मिली थी। इसमें हाथ से लिखा था कि मैनें ही अपने माता-पिता को मारा है, मुझे ढूंढने का प्रयास न किया जाए। शुरुआती तौर पर यह नोट जांच को भटकाने वाला माना था। पुलिस ने जब घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों का फुटेज देखा तो एक संदिग्ध युवक घर में आता-जाता दिखा। उसकी पहचान मृतकों की नाबालिग बेटी के दोस्त धनंजय के रूप में हुई। पुलिस ने धनंजय और उसके एक नाबालिग साथी को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो दोनों ने हत्या की बात कबूल की थी।
Updated on:
07 Aug 2026 11:29 am
Published on:
07 Aug 2026 11:28 am
