
प्रेमानंद महाराज और शिष्य रसिक दुलारी शरण Image Credit- Patrika enhanced AI Grok
Premanandji Disciple Rasik Dulari Sharan Case : वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद महाराज के शिष्य दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारी शरण की मौत का मामला तूल पकड़ चुका है। शुक्रवार सुबह उनकी संदिग्ध मौत हो गई थी। दीपक लोधी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनका प्राइवेट पार्ट कटने और अधिक रक्तस्राव के कारण जान जाने की बात सामने आई। पुलिस ने उनके कमरे से एक ग्राइंडर भी बरामद किया था। इस घटना के बाद से दीपक लोधी के जबलपुर स्थित पुश्तैनी घर में मातम पसरा है। 6 दिन बाद भी परिजन उस हादसे को भुला नहीं पा रहे हैं। उधर वृंदावन में भी रसिक दुलारी शरण मामले में धार्मिक गलियारों में गहरा रोष व्यक्त किया जा रहा है। महंत गंगादास महाराज ने तो बड़ा आरोप लगाते हुए मामले की गहराई से जांच की मांग की है। उन्होंने कहा है कि किसी राक्षसी प्रवृत्ति वाले शख्स ने साधक रसिक दुलारी शरण के बाद दुर्व्यवहार किया था।
जबलपुर के रहनेवाले दीपक लोधी ने घरबार त्याग दिया था। वे 2 साल से वृंदावन में रह रहे थे। दीपक लोधी ने संत प्रेमानंद महाराज से विधिवत दीक्षा ली थी और गुरु सेवा के नियमों का भी सख्ती से पालन कर रहे थे। वे रसिक दुलारी शरण के नाम से गुरुकृपा कुंज आश्रम में रहते थे। दीपक लोधी, इमारत की चौथी मंजिल से गिरे थे। मथुरा पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
रसिक दुलारी शरण मामले में देशभर में साधु-संत शोक के साथ ही बड़ा रोष भी जता रहे हैं। ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य भी इस मामले की गहराई से जांच की मांग कर चुके हैं।
वृंदावन में भी रसिक दुलारी शरण मामले की उच्च स्तरीय जांच कराए जाने की मांग की जा रही है। इसके लिए धर्म रक्षा संघ ने साधु-संतों की एक बैठक बुलाई गई। परिक्रमा मार्ग स्थित ललित कुंज आश्रम में आयोजित इस बैठक में महंत गंगादास महाराज बेहद मुखर रहे। उन्होंने अनेक गंभीर आरोप लगाए। महंत गंगादास महाराज ने कहा कि केली कुंज में ऐसी घटनाएं लगातार होती रही हैं। जमीनों पर अवैध कब्जे जैसे मामले सामने आए हैं।
महंत गंगादास महाराज ने साधक रसिक दुलारी शरण के साथ दुर्व्यवहार का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा, 'उस साधु के साथ आतंकी जैसा व्यवहार हुआ। यह काम किसी भले आदमी का नहीं। राक्षसी प्रवृत्ति वाले किसी शख्स ने साधक के साथ ऐसा किया। इस घटना के लिए जो भी जिम्मेदार है उस पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
बैठक में संतों ने रसिक दुलारी शरण द्वारा कोई कदम उठाने की बात को साफ नकार दिया। इस घटना के पीछे किसी की साजिश होने का भी आरोप लगाया।
Updated on:
30 Sept 2026 12:48 pm
Published on:
30 Sept 2026 12:43 pm
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