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कार्यकर्ता ने पूछा यहां 20 साल से क्यों हार रही है भाजपा, फिर प्रदेश प्रभारी की मौजूदगी में हुआ जाेरदार हंगामा

भारतीय जनता पार्टी की मंडल कार्यकर्ता और बूथ अध्यक्षों की बैठक में भाजपा प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना की मौजूदगी में हुआ हंगामा।
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जयपुर

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Santosh Trivedi

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Updated: 31 Mar 2018, 7:12 AM IST

BJP LEADER ASHWINI TYAGI GAVE STATEMENT ON kairana ELECTION

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चौमूं। कस्बे के एक निजी गार्डन में गुरुवार देर शाम भारतीय जनता पार्टी की मंडल कार्यकर्ता और बूथ अध्यक्षों की बैठक में भाजपा प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना की मौजूदगी में हुआ हंगामा पार्टी के स्थानीय पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के बीच शुक्रवार को दिनभर चर्चा का विषय रहा।

हुआ यूं कि बैठक में एक कार्यकर्ता ने आमेर में पार्टी की 20 साल से हार का कारण पूछ लिया। आमेर विधानसभा क्षेत्र के जाहोता स्थित भट्टों की गली के पूर्व सरपंच रामनिवास घोसल्या को यह इतना नागवार गुजरा कि उसने कार्यकर्ता को चुप रहने की हिदायत देकर बिठा दिया।

इसके बाद पार्टी के पदाधिकारियों की उपस्थिति में दोनों कार्यकर्ताओं के बीच नोकझोंक हुई। इससे पहले कि कहासुनी ज्यादा होती पार्टी के वरिष्ठ नेता सतीश पूनिया ने समझाइश के बाद मामला शांत करवाया।

लेकिन तब तक मामला हॉल से बाहर व्यवस्थाओं में लगे दूसरे कार्यकर्ताओं तक पहुंच गया और सभी इस बात से सहमत नजर आए कि आखिर आमेर में पार्टी प्रत्याशी को लेकर आलाकमान सही निर्णय क्यों नहीं लेते।

बैठक में चौमूं और आमेर विधानसभा क्षेत्र के 50-50 प्रमुख कार्यकर्ताओं को ही बुलाया गया था, इसमें सीकर सांसद सुमेधानंद सरस्वती, चौमूं विधायक रामलाल शर्मा, जिला अध्यक्ष जयपुर देहात दीनदयाल कुमावत सहित कई पदाधिकारी भी शामिल हुए।

इस दौरान आगामी चुनावों की तैयारी और संभावित प्रत्याशियों का फीडबैक भी लिया गया। बैठक में वरिष्ठ पदाधिकारियों की उपस्थिति में कार्यकर्ताओं के बीच हुए नोकझोंक को लेकर किसी ने भी टिप्पणी करने से इंकार कर दिया।

चौमूं विधायक शर्मा ने कहा कि ऐसी छोटी-मोटी नोकझोंक तो होती रहती है। वहीं बैठक में उपस्थित एक अन्य कार्यकर्ता ने बताया कि अगर सवाल पूछने वाले कार्यकर्ता को शांत नहीं किया जाता, तो मामला बढ़ जाता। पूर्व सरपंच को यह डर था कि सवाल पूछने वाला कार्यकर्ता अब कहीं पार्टी की बुराई शुरू ना कर दे।

बैठक में मौजूद कार्यकर्ताओं ने बताया कि यह नोकझोंक चर्चा का विषय बन गई। सीकर सांसद सुमेधानंद की उपस्थिति में आमेर के मंडल अध्यक्ष और अन्य कार्यकर्ताओं ने आमेर से स्थानीय स्थानीय प्रत्याशी उतारने की सलाह दी, वहीं यह भी कहा कि यदि इस सलाह को नजरंदाज किया गया तो आमेर में एक बार फिर पार्टी हार के लिए तैयार रहे।