
Rajasthan News : राजस्थान सरकार की ओर से संचालित 3737 स्वामी विवेकानंद मॉडल और महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में शिक्षकों के रिक्त पद अब तक नहीं भरे जा सके हैं। इन स्कूलों में चयनित शिक्षकों को साढ़े तीन महीने बाद भी जिला आवंटन और पदस्थापन का इंतजार है। राज्य में 25 अगस्त 2024 को शिक्षा विभागीय पंजीयक बीकानेर की ओर से परीक्षा आयोजित की गई थी। लेकिन 10 प्रतिशत बोनस अंकों को लेकर मामला न्यायालय में पहुंचने से परिणाम में देरी हुई। अंतत: 23 दिसंबर 2024 को परिणाम घोषित किया गया।
इसी बीच, राज्य सरकार ने 50 जिलों की संख्या घटाकर 41 कर दी, जिससे पूर्व में लिए गए जिला विकल्प बदल गए। शिक्षा विभाग ने 13 से 16 जनवरी 2025 के बीच चयनित शिक्षकों से नए विकल्प फिर से भरवाए। इसके बाद 3 जनवरी 2025 को उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा की अध्यक्षता में चार सदस्यीय कैबिनेट सब कमेटी बनाई। फिर भी राज्य के 3 हजार 737 अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में चयनित होने के बाद भी हजारों शिक्षकों के पदस्थापन रुके हुए हैं।
इन स्कूलों में 17,500 शिक्षकों के पद रिक्त हैं, जबकि छात्र बिना पढ़ाई के ही बोर्ड परीक्षाएं दे चुके हैं। अब राज्य में 24 अप्रेल से राज्य स्तरीय वार्षिक परीक्षाएं शुरू होने जा रही हैं, लेकिन इन स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को अब तक शिक्षक नहीं मिले हैं। इससे छात्र बिना पढ़े ही वार्षिक परीक्षा कैसे देंगे।
शिक्षक संघ रेसटा के प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद ने कहा कि महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में शिक्षकों की कमी से नामांकन पर भी विपरीत असर पड़ेगा। प्रवेशोत्सव कार्यक्रम शुरू हो चुका है, लेकिन इन स्कूलों का कहीं उल्लेख नहीं किया गया है। लाखों विद्यार्थियों के हितों को ध्यान में रखते हुए जिला आवंटन व पदस्थापन की प्रक्रिया जल्द पूरी करनी चाहिए। इससे इन विद्यार्थियों को शिक्षक मिल सके।
Updated on:
21 Apr 2025 10:28 am
Published on:
21 Apr 2025 10:19 am
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