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राजस्थान में एक साल में 750 करोड़ की नशे की खेप पकड़ी, 917 तस्कर गिरफ्तार; फिर भी नहीं टूटी सप्लाई चेन

एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) ने एक साल में राजस्थान में 750 करोड़ रुपए की कीमत के मादक पदार्थ जब्त कर 917 तस्करों को गिरफ्तार किया है। इसके बावजूद अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट विभिन्न माध्यमों से प्रदेश में सूखा नशा पहुंचा रही है।
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जयपुर

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Anil Prajapat

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Updated: 4 Nov 2026, 11:08 AM IST

Rajasthan Drug Smuggling

नशा तस्करों पर कार्रवाई। फोटो: पत्रिका

सीकर। एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) ने एक साल में राजस्थान में 750 करोड़ रुपए की कीमत के मादक पदार्थ जब्त कर 917 तस्करों को गिरफ्तार किया है। इसके बावजूद अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट विभिन्न माध्यमों से सीकर, कोटा, पाली-जालोर, सिरोही, बाड़मेर, जैसलमेर, नागौर व जयपुर में सूखा नशा पहुंचा रही है। जिससे राजस्थान के हर जिले में सूखा नशा युवाओं की नसों में फैल रहा है।

प्रदेश में गुजरात, मध्यप्रदेश, हरियाणा, पंजाब, झारखंड, पश्चिम बंगाल, केरल, जम्मू कश्मीर सहित अन्य राज्यों से अफीम, स्मैक, गांजा, चरस, एमडीएमए, कोकीन, डोडा पोस्त, हेरोइन जैसा सूखा नशा सप्लाई किया जा रहा है। इसका अंदाजा थानों में दर्ज मुकदमों से लगाया जा सकता है। एक जनवरी से सितंबर तक राजस्थान में एनडीपीएस अधिनियम के तहत 1,815 मामले दर्ज हुए है।

तस्करी का लेखा-जोखा

-1,815 मामले एनडीपीएस एक्ट में दर्ज हुए प्रदेश में नौ माह में
-29 लाख रुपए के 102 इनामी तस्कर पकड़े
-08 राज्यों से प्रदेश के गांव-ढाणी तक पहुंच रही खेप

कपड़ों व खाद्यान्न के बीच तस्करी

तस्कर राजस्थान में लगातार बस, ट्रक, ट्रेन, लग्जरी कारों, कुरियर व पार्सल के जरिए सूखा नशा सप्लाई कर रहे हैं। वे कपड़ों, खाद्यान्न के बीच में मादक पदार्थ रखकर भी पार्सल के जरिए राजस्थान में नशे की खेप पहुंचा रहे हैं।

सिंथेटिक ड्रग की 11 फैक्टरी पकड़ी

प्रदेश में पिछले एक साल में 11 सिंथेटिक ड्रग (मेफेड्रोन) निर्माण नकी फैक्टरी को भी ध्वस्त किया जा चुका है। महाराष्ट्र पुलिस की एंटी नारकोटिक्स सेल (एएनसी) ने 16 दिसंबर 2025 को झुंझुनूं जिले के धनूरी थाना क्षेत्र के पास स्थित नांद का बास गांव में पोल्ट्री फार्म की आड़ में एमडीएमए ड्रग्स बनाने वाली फैक्टरी पकड़ी थी। यहां से 10 किलो ड्रग्स और मशीनों समेत 100 करोड़ की सामग्री जब्त की थी। राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआइ), दिल्ल की टीम ने डीडवाना-कुचामन के पास एक टोल पर मुर्गी के दाना के कट्टों के बीच छुपाई 81 करोड़ रुपए की करीब 270.30 किलोग्राम मेथिलीन डाइऑक्सीमे थैम्फेटामाइन (एमडीएमए) पकड़ी थी।

जालोर, सांचोर चौकी क्षेत्र में सबसे अधिक 90 कार्रवाई

एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स, मुख्यालय का जयपुर में एक पुलिस थाना व प्रदेशभर में 18 चौकियां हैं। इसमें एएनटीएफ की जालौर, सांचोर चौकी ने पिछले एक साल में सूखे नशे के खिलाफ राजस्थान में सबसे अधिक 90 कार्रवाई की है। एएनटीएफ की बाड़मेर-बालोतरा, जैसलमेर चौकी की ओर से 85 और तीसरे नंबर पर सीकर, डीडवाना-कुचामन, नागौर चौकी ने नशा तस्करी के खिलाफ 72 कार्रवाई की है।

आमजन दें सूचना

एएनटीएफ ने एक साल में 102 कुख्यात इनामी तस्करों सहित सहित 917 तस्कर गिरफ्तार कर जेल भिजवाए हैं। 11 सिंथेटिक ड्रग (मेफेड्रोन) निर्माण की फैक्टरी को भी ध्वस्त किया है। आमजन एएनटीएफ को नशा सप्लाई भंडारण व करने वाले तस्करों की सूचना दें।
विकास कुमार, महानिरीक्षक, पुलिस, एएनटीएफ