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कटनी में भरभराकर गिरा चार मंजिला इमारत का हिस्सा, बुजुर्ग की मौत

Building Part Collapse : बजाज एजेंसी के सामने दोपहर में हादसा, मलबे में दबे मैनेजर ने मौके पर तोड़ा दम, जर्जर भवनों की निगरानी पर नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल।
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Building Part Collapse

चार मंजिला इमारत का हिस्सा गिरा (फोटो सोर्स: Patrika)

Katni News : मध्य प्रदेश के कटनी जिले के रंगनाथ थाना इलाके में तारा मोटर्स बजाज एजेंसी के सामने शनिवार दोपहर चार मंजिला अग्रवाल बिल्डिंग का जर्जर हिस्सा भरभराकर गिर गया। मलबे की चपेट में आने से भवन में रह रहे 70 वर्षीय प्रेमलाल गड़ारी की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना पर रंगनाथ थाना पुलिस पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा कार्रवाई की।

प्रेमलाल गड़ारी पिता लूसन प्रसाद गड़ारी ग्राम पिलोजी, थाना कुठला के निवासी थे। वे अग्रवाल के यहां मैनेजर के रूप में कार्य करते थे और इसी भवन में रहते थे। शनिवार दोपहर वह शौचालय की ओर गए थे। इसी दौरान भवन का क्षतिग्रस्त हिस्सा अचानक नीचे आ गिरा और वह मलबे में दब गए।

लंबे समय से जर्जर था भवन

स्थानीय लोगों के अनुसार अग्रवाल बिल्डिंग लंबे समय से जर्जर हालत में थी। भवन के बारजे सहित अन्य हिस्सों के क्षतिग्रस्त होने की बात सामने आ रही है। बारिश के दौरान पुराने और कमजोर भवनों के गिरने का खतरा बढ़ जाता है। इसके बावजूद इस भवन में लोगों की आवाजाही बनी रही।

स्थानीय स्तर पर यह भी जानकारी सामने आई है कि इस भवन में पहले भी हादसा हो चुका है। यदि पूर्व में भी घटना हुई थी तो सवाल उठता है कि इसके बाद भवन की सुरक्षा को लेकर क्या कार्रवाई की गई।

हादसे के बाद निगम की व्यवस्था पर सवाल

अग्रवाल बिल्डिंग में हुई मौत ने शहर के जर्जर भवनों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बारिश के बीच नगर निगम के सामने अब यह चुनौती है कि शहर में मौजूद खतरनाक भवनों का सर्वे कर उनकी स्थिति का आकलन किया जाए।

स्थानीय लोगों की मांग

स्थानीय लोगों का कहना है कि जर्जर भवनों को केवल चिन्हित करने के बजाय उनकी स्थिति के अनुसार नोटिस, मरम्मत, भवन खाली कराने अथवा नियमानुसार सुरक्षित तरीके से हटाने की कार्रवाई जरूरी है। एक बुजुर्ग की जान जाने के बाद अब सवाल यह है कि क्या निगम शहर के दूसरे जर्जर भवनों को लेकर हादसे का इंतजार करेगा या समय रहते कार्रवाई करेगा।