
पुलिस आईएमआई को ट्रेस कर आरोपी तक पहुंच गई।
कोरबा. पिछले महीने दो मोबाइल फोन लूट के मामले में पुलिस ने दो चचेरे भाइयों को गिरफ्तार किया है। लूट के बाद एक आरोपी मोबाइल का उपयोग पंजाब में कर रहा था। पुलिस आईएमआई को ट्रेस कर आरोपी तक पहुंच गई। उसने बालको में रहने वाले चचेरे भाई के साथ मोबाइल लूट की घटना को अंजाम देना बताया। पुलिस ने दोनों मोबाइल, लूट में उपयोग किए गए बाइक को भी जब्त कर ली है।
सीएसपी मयंक तिवारी ने बताया कि 11 अगस्त को रिस्दी मुख्य मार्ग पर रात साढ़े 8 बजे श्यामाचरण साहू 32 वर्ष पैदल मोबाइल फोन पर बात करते हुए जा रहा थे। इसी दौरान पीछे से एक युवक पहुंचा और मोबाइल फोन लूट कर दूसरा साथी जो कि बाइक चालू कर खड़ा हुआ था उसके साथ भाग निकला। इसके बाद इन्हीं युवकों ने सीएसईबी कॉलोनी में रहने वाले संतोष पटेल के साथ भी मोबाइल लूट की घटना को अंजाम दिया।
पुलिस ने दोनों ही फोन के आईएमआई नंबर को सर्विलांस पर डाल कर रखा हुआ था। इसमें से एक फोन पंजाब के गुरदासपुर में एक्टिव बताया। जहां से पुलिस ने वरींदर सिंह को पकड़ कर पूछताछ किया गया। उसने लूट की घटना को अपने बालको निवासी चचेरे भाई सिमरनजीत कौर के साथ अंजाम देना स्वीकार कर लिया। एक फोन का सिमरनजीत रखा हुआ था।
-------------------------
बैंक में खिड़की तोड़कर घुसा चोर कम्प्यूटर समेत 30 हजार की चोरी
कोरबा. तीन दिन बैंक बंद था। अधिकारी चौथे दिन जब ब्रांच पहुंचे बैंक के अंदर से कम्प्युटर सेट समेत लगभग 30 हजार का सामान चोर ले उड़े थे। बैंक प्रबंधक द्वारा उरगा थाने मेें केस दर्ज कराया है। पुलिस जांच में जुट गई है।
उरगा थानान्तर्गत ग्राम भैंसमा में छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक की शाखा संचालित है। बैंक में 21 सितंबर से 23 तक शासकीय अवकाश होने की वजह से बंद कर चले गए थे। 24 सितंबर को जब शाखा प्रबंधक सुकृत लाल कैवर्त पहुंचे तो भीतर क्लर्क काउंटर में रखे मॉनिटर, कीबोर्ड, बायोमैट्रिक डिवाइस कुल 30 हजार के सामान पर अज्ञात चोर ने हाथ साफ कर लिया। अज्ञात चोर बैंक के ऊपरी हिस्से की छोटी सी खिड़की के ग्रिल को तोड़कर अंदर प्रवेश किया था।
बैंक के भीतर लगे सीसीटीवी कैमरे में आरोपी युवक की फुटेज कैद हो गई है। फुटेज में सिर्फ एक ही आरोपी दिख रहा है। घटना 20 सितंबर की रात की है।
जिस जगह तक आरोपी पहुंचा था उसके ठीक 5 कदम पर बैंक का स्ट्रांग रूम था। छुटट्ी होने की वजह से बैंक ने कैश जमा करा दिया था। लेकिन 50 हजार से एक लाख रूपए रखा गया था। आरोपी वहां तक नहीं पहुंचा। उरगा पुलिस मामले की जांच कर रही है।
Updated on:
26 Sept 2018 11:07 am
Published on:
26 Sept 2018 11:07 am
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
