
कोटा .
बेटे की शादी में 'शानोशौकत' पर खर्च करनेे के बजाए पूर्व महापौर डॉ. रत्ना जैन ने शहर की बेटियों का ख्याल रखा। गत 22 जनवरी को अहमदाबाद में डॉ जैन के इंजीनियर बेटे आयुष की मुंबई में फिल्म निर्देशक इशिता दवे से सादा समारोह में शादी हुई।
शादी में शानो शौकत दिखाने पर खर्च करने के बजाए डॉ. रत्ना जैन ने वर-वधू और परिजनों की सहमति से छह लाख रुपए की राशि शहर के दो बालिका स्कूलों के विकास के लिए देने का निर्णय किया।
डॉ. जैन ने बुधवार को 2 लाख का चेक रामपुरा स्थित महारानी गल्र्स स्कूल की प्राचार्य अर्चना तंवर को सौपा। 1 लाख रुपए वे पहले ही दे चुकी हैं। 1 लाख रुपए नयापुरा बाग गल्र्स स्कूल में दिए जा चुके हैं और 2 लाख शीघ्र ही दिए जाएंगे। डॉ. जैन ने बताया कि बालिका शिक्षा के लिए 10 लाख रुपए तक देने की योजना है ताकि अन्य भामाशाह भी बेटियों की शिक्षा के लिए प्रेरित हों। चेक देते समय डॉ.अशोक जैन, डॉ. अपूर्व जैन, अवीना जैन, स्कूल स्टाफ व छात्राएं उपस्थित रहे।
नवदम्पती बोले - हर साल देंगे 1-1 लाख रुपए
नवदम्पती आयुष व इशिता ने बताया कि हम हर साल अपनी शादी की वर्षगांठ पर 1-1 लाख रुपए दोनों ही स्कूलों को देंगे। इसके साथ ही जो भी उपहार शादी में आए हैं उन्हें भी निर्धन परिवार व स्कूली छात्राओं को सौंप देंगे। आयुष ने कहा कि कोटा ने हमें बहुत कुछ दिया है। हमारा भी कुछ फर्ज समाज के लिए है जो हम निभाएंगे।
Updated on:
24 Jan 2018 09:05 pm
Published on:
24 Jan 2018 06:49 pm
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