
Heartburn Causes के कारण (representative image) image credit Magnific
Heartburn Treatment: उम्र बढ़ने के साथ शरीर में होने वाले बदलावों का असर कई बार पाचन से जुड़ी समस्याओं पर भी दिखाई दे सकता है। इनमें हार्टबर्न यानी सीने में जलन भी शामिल है। कुछ लोगों को उम्र बढ़ने के बाद यह परेशानी पहले से ज्यादा महसूस हो सकती है। इसमें सीने में जलन के साथ मुंह में खट्टा स्वाद या पेट का एसिड ऊपर आने जैसा महसूस हो सकता है। ऐसे में जानना जरूरी है कि उम्र बढ़ने के साथ हार्टबर्न की समस्या किन वजहों से बढ़ सकती है, आइए जानते हैं।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, उम्र बढ़ने के साथ शरीर की कई मांसपेशियां कमजोर हो सकती हैं। इनमें भोजन की नली और पेट के बीच मौजूद एक खास मांसपेशी भी शामिल है, जिसे लोअर इसोफेजियल स्फिंक्टर कहा जाता है। इसका काम पेट में पहुंच चुके भोजन और एसिड को वापस ऊपर आने से रोकना है। अगर यह मांसपेशी ठीक से काम नहीं करती, तो पेट का एसिड ऊपर भोजन की नली में आ सकता है और इससे हार्टबर्न की समस्या हो सकती है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के मुताबिक उम्र बढ़ने के साथ वजन बढ़ना भी हार्टबर्न की समस्या को बढ़ा सकता है। पेट के आसपास ज्यादा चर्बी होने से पेट पर दबाव बढ़ सकता है। इससे पेट का खाना और एसिड ऊपर की ओर आने की संभावना बढ़ सकती है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, उम्र बढ़ने के साथ कई लोगों को अलग अलग स्वास्थ्य समस्याओं के लिए दवाएं लेनी पड़ सकती हैं। कुछ दवाएं भोजन की नली और पेट के बीच वाली मांसपेशी को ढीला कर सकती हैं। इससे पेट का एसिड ऊपर आने की संभावना बढ़ सकती है और हार्टबर्न हो सकता है। कुछ दर्द की दवाएं, एंटीबायोटिक्स और ब्लड प्रेशर की कुछ दवाएं भी कुछ लोगों में इस समस्या से जुड़ी हो सकती हैं।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, उम्र बढ़ने के साथ हाइटल हर्निया की समस्या भी हो सकती है। इसमें पेट का ऊपरी हिस्सा डायफ्राम के रास्ते ऊपर की ओर छाती के हिस्से में आ जाता है। बड़े हाइटल हर्निया को बार बार होने वाले हार्टबर्न और GERD से जोड़ा गया है।
मायो क्लिनिक (Mayo Clinic) के अनुसार, कुछ लोगों में मसालेदार खाना, प्याज, खट्टे फल, टमाटर से बनी चीजें, तला या ज्यादा फैट वाला खाना, चॉकलेट और पुदीना हार्टबर्न को ट्रिगर कर सकते हैं। कॉफी और दूसरी कैफीन वाली ड्रिंक, शराब और कार्बोनेटेड ड्रिंक भी कुछ लोगों में समस्या बढ़ा सकती हैं। ज्यादा मात्रा में खाना या बहुत भारी खाना भी हार्टबर्न को बढ़ा सकता है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, खाना खाने के तुरंत बाद लेटने से हार्टबर्न बढ़ सकता है। खाने के बाद कम से कम दो घंटे तक लेटने से बचना मददगार हो सकता है। रात में हार्टबर्न की समस्या होती है तो बाईं करवट सोने या सिर की तरफ से बिस्तर को थोड़ा ऊंचा रखने से भी कुछ लोगों को राहत मिल सकती है।
मायो क्लिनिक (Mayo Clinic) के अनुसार, अगर हार्टबर्न हफ्ते में दो बार से ज्यादा होता है, बिना डॉक्टर की सलाह वाली दवाओं के बावजूद ठीक नहीं होता या निगलने में परेशानी, लगातार जी मिचलाना, उल्टी या बिना वजह वजन कम होने जैसी समस्या हो, तो डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। इसके अलावा अगर सीने में तेज दर्द या दबाव हो और इसके साथ हाथ या जबड़े में दर्द अथवा सांस लेने में परेशानी हो, तो इसे सिर्फ हार्टबर्न समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और तुरंत चिकित्सा सहायता लेनी चाहिए।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।
Updated on:
29 Sept 2026 04:22 pm
Published on:
29 Sept 2026 04:17 pm
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