मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने झांसी में एक जनसभा में ऐलान किया कि, बुंदेलखंड के युवा को अब कुंवारा नहीं रहना पड़ेगा। उनकी शादियां होगी। इस बयान को सुनकर झांसी सहित तमाम बुंदेलखंड के लोगों ने जहां राहत की सांस ली होगी वहीं यूपी के दूसरे हिस्से की जनता चौंक गई कि इस का चुनाव से क्या सम्बंध है। बुंदेलखंड में पानी की किल्लत की वजह से बहुत से युवाओं की शादी नहीं हो पाती है। बुंदेलखंड के झांसी जिले में तीन गांव ऐसे हैं, जहां सिर्फ पानी की कमी से 80 फीसदी युवक कुंवारे हैं। कई युवक 40 साल की उम्र पार कर गए है। दर्जनों बूढ़े हो चले हैं, पर उनकी शादी नहीं हुई। ऐसा नहीं है कि लड़कों की शादी के लिए कोई आता नहीं है। लोग अपनी लड़की का रिश्ता लेकर आते हैं पर जैसे ही पानी का संकट के बारे में जानते है तो फौरन वापसी का टिकट कटा लेते हैं। और फिर कभी इन गांवों का मुंह नहीं देखते हैं। झांसी मंडल मुख्यालय से 60 किमी दूर मोठ तहसील क्षेत्र के गांव परैछा, ढिमरपुरा और गनेशपुरा बीहड़ इलाके में बसे हैं। इन गांवों तक पहुंचने के लिए ठीक-ठाक सड़क भी नहीं है।