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विधानसभा उपाध्यक्ष चुनाव के रिजल्ट ने बता दिया यूपी चुनाव 2022 का परिणाम : सीएम योगी

- भाजपा समर्थित प्रत्याशी नितिन अग्रवाल को जीत पर सीएम ने दी बधाई- सपा पर सीएम का कटाक्ष, नरेंद्र वर्मा को सपा ने दिया धोखा- सपा ने न अपने सदस्यों को पहचाना, न ही एकजुट कर सकी विपक्ष: सीएम- सपा प्रत्याशी नरेंद्र वर्मा से सीएम ने जताई सहानुभूति, बोले, जितना भाषण यहां दिया, क्षेत्र में देते तो जनता सराहती- सपा को योगी की नसीहत, परिवारवादी मंसूबे छोड़, सोच को बनाएं व्यापक
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लखनऊ

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Sanjay Kumar Srivastava

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Updated: 19 Oct 2021, 8:31 AM IST

विधानसभा उपाध्यक्ष चुनाव के रिजल्ट ने बता दिया चुनाव 2022 का परिणाम : सीएम योगी

विधानसभा उपाध्यक्ष चुनाव के रिजल्ट ने बता दिया चुनाव 2022 का परिणाम : सीएम योगी

लखनऊ. UP Assembly Deputy Speaker election result मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा उपाध्यक्ष पद पर भाजपा समर्थित प्रत्याशी नितिन अग्रवाल की जीत पर बधाई देते हुए इसे 2022 के विधानसभा चुनाव परिणाम की तस्वीर कहा है। सीएम योगी ने कहा है कि समाजवादी पार्टी सहित पूरा विपक्ष अंतर्विरोधों से ग्रस्त है। उपाध्यक्ष के चुनाव तक में समाजवादी पार्टी विपक्ष को एकजुट न कर सकी। इन्हें विस उपाध्यक्ष परिणाम का भी पता था और 2022 के चुनाव परिणाम की जानकारी भी है। जो रिजल्ट आज आया है, यही एक बार फिर 2022 में भी आएगा।

यूपी विधानसभा उपाध्यक्ष नितिन अग्रवाल चुने गए, नरेंद्र वर्मा पराजित

सपा ने नरेंद्र वर्मा के साथ धोखा किया :- सीएम योगी, सोमवार को विधानसभा में उपाध्यक्ष चुनाव में नितिन अग्रवाल की जीत के बाद सदन को संबोधित कर रहे थे। सपा प्रत्याशी नरेंद्र वर्मा को मात्र 60 वोट मिलने पर सीएम ने वर्मा के प्रति सहानुभूति भी जताई, साथ ही कहा कि चार साल पहले यही अगर सपा उन्हें प्रत्याशी बनाती तो संभवतः उनकी जीत हो सकती थी। लेकिन, उनकी अपनी पार्टी ने रिजल्ट जानते हुए भी उपाध्यक्ष चुनाव के लिए उन्हें प्रत्याशी बनाया। यह एक धोखा है जो सपा ने नरेंद्र वर्मा के साथ किया है।

नितिन भी सपा के ही सदस्य हैं :- सबसे बड़े विपक्षी दल के रूप में समाजवादी पार्टी की अकर्मण्यता पर तंज कसते हुए सीएम ने कहा कि भाजपा ने पूरे साढ़े चार साल तक इंतज़ार किया, लेकिन सपा ने उपाध्यक्ष पद के लिए कोई नाम आगे नहीं किया। इन्हें अपने सदस्यों तक की पहचान नहीं है। अंततः सदन के अंतिम छह माह शेष रहते देख भाजपा ने इस परंपरा को पूरा करने की दिशा में कदम बढ़ाया। नितिन अग्रवाल के रूप में सदन को एक युवा, ऊर्जावान और अनुभवी उपाध्यक्ष मिलने पर खुशी जताते हुए सीएम योगी ने कहा कि "तकनीकी रूप से" नितिन भी सपा के ही सदस्य हैं और इस तरह भाजपा ने सदन की परंपरा का ही निर्वाह किया है।

सपा के लिए परिवार ही प्रदेश :- 2022 विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी की हार तय होने की बात करते हुए मुख्यमंत्री ने सपा को परिवारवाद की सोच से ऊपर उठकर व्यापक हित में सोचने की नसीहत भी दी। उन्होंने कहा कि सपा के लिए परिवार ही प्रदेश है, जबकि भाजपा के लिए पूरा प्रदेश एक परिवार है।