
45 करोड़ रुपए की लागत से बना जिला अस्पताल, निरीक्षण में सामने आया खामियों का अंबार
मुरैना. मध्य प्रदेश के मुरैना में 45 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे जिला अस्पताल के अतिरिक्त भवन का आधिपत्य ग्रहण करने का दबाव तो निर्माण एजेंसी बना रही है, लेकिन बहुत से जरूरी काम अधूरे हैं। फाल्स सीलिंग का काम अधिकांश बकाया और एसी लगाने के लिए केबलिंग का काम भी नहीं हो पाया है।
प्रथम तल पर ऑक्सीजन पाइंट में फ्लोमीटर भी ठीक से नहीं लग रहे हैं, उनमें पर्याप्त दबाव भी नहीं आ रहा है। कलेक्टर बी कार्तिकेयन ने बुधवार को अचानक अस्पताल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को देखा तो इन खामियों पर निर्माण एजेंसी हाउसिंग बोर्ड को आड़े हाथ लिया। कलेक्टर के सवाल करने पर हाउसिंग बोर्ड के अधिकारियों ने जवाब दिया कि, बिजली की लाइनों की केबलिंग व ऐसी लगाने का काम जिस कंपनी को दिया है, उसकी टीम नहीं आ रही है।
'कोविड के हिसाब से पूरी हो तैयारी'
अब 31 दिसंबर को आने का बोला है, टीम आएगी तो 10 दिन में काम पूरा करवाने का प्रयास किया जा जाएगा। कलेक्टर ने पुराने भवन में बनाए गए आईसीयू में फ्लोमीटर और अन्य उपकरणों चेक करवाया। वेंटीलेटर को भी देखा। आरएमओ डॉ. धर्मेंद्र गुप्ता को निर्देश दिए कि, अस्पताल में कोविड के हिसाब से पूरी तैयारी होनी चाहिए। वार्ड में सभी जरूरी सुविधाएं चेक करने के बाद लॉक कर दें, ताकि अचानक कोई मरीज आने पर उसे शिफ्ट किया जा सके।
Published on:
29 Dec 2021 09:11 pm
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