
वारिस पठान। फाइल फोटो- पत्रिका
UP Elections: एआईएमआईएम के राष्ट्रीय प्रवक्ता वारिस पठान ने कई मुद्दों पर पार्टी का पक्ष रखते हुए विपक्ष और सत्तारूढ़ दल दोनों पर हमला बोला। उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के नेताओं के बीच जारी आपसी खींचतान और जुबानी जंग पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि दोनों ही राजनीतिक दल पूरी तरह से गलतफहमी का शिकार हैं। वारिस पठान ने कहा कि एक तरफ कांग्रेस के कुछ नेताओं का यह दावा है कि समाजवादी पार्टी उनके बिना राजनीतिक रूप से शून्य है, वहीं दूसरी तरफ सपा के नेता यह राग अलाप रहे हैं कि कांग्रेस का उनके बिना कोई जनाधार नहीं बचा है।
इस आपसी बयानबाजी पर पलटवार करते हुए पठान ने साफ शब्दों में कहा कि असलियत तो यह है कि असदुद्दीन ओवैसी और AIMIM के मजबूत समर्थन के बिना ये दोनों ही पार्टियां कुछ भी नहीं हैं। पार्टी अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी द्वारा वंदे मातरम को लेकर किए गए हालिया ट्वीट और सुप्रीम कोर्ट में चल रही सुनवाई का विशेष उल्लेख करते हुए वारिस पठान ने कहा कि उनकी पार्टी राष्ट्रगीत का पूरा आदर और सम्मान करती है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि देश के संविधान और अदालत की मंशा के अनुरूप किसी भी नागरिक को इसे गाने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता।
वहीं गरबा आयोजनों के दौरान मुस्लिम समुदाय के लोगों के प्रवेश, आरती और माथे पर तिलक लगाने को लेकर भाजपा नेताओं के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए पठान ने मुस्लिम धर्मगुरुओं की राय का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि कई प्रमुख मुफ्तियों और उलेमाओं ने यह बिल्कुल सही सलाह दी है कि मुसलमानों को ऐसे आयोजनों में जाने से पूरी तरह बचना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां किसी अन्य देवी-देवता की पूजा-आरती हो रही हो, वहां जाकर नाच-गाना करने की इजाजत इस्लाम धर्म बिल्कुल नहीं देता, इसलिए मुस्लिम समुदाय को ऐसे कार्यक्रमों से दूरी बनाए रखनी चाहिए।
बिहार के जमुई जिले में एक नाबालिग बच्ची के साथ हुई छेड़खानी की वारदात पर वारिस पठान ने गहरा दुख और आक्रोश व्यक्त किया। उन्होंने इस घटना को अत्यंत निंदनीय बताते हुए कहा कि 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' और 'नारी सम्मान' के बड़े-बड़े दावों के बावजूद देश और राज्यों में मासूम बच्चियां बिल्कुल सुरक्षित नहीं हैं। उन्होंने मांग की कि ऐसे दरिंदों को किसी भी कीमत पर बख्शा न जाए और मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाकर सरकार आरोपियों को जल्द से जल्द सख्त से सख्त सजा दिलाए।
Updated on:
22 Sept 2026 10:03 pm
Published on:
22 Sept 2026 09:32 pm
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