
Mallikarjun Kharge : INDIA ब्लॉक के प्रस्तावों पर खड़गे का जवाब, चुनावी प्रक्रिया और वोट के अधिकार पर जारी रहेगी लड़ाई(फोटो सोर्स: ANI)
Election Commission India: INDIA ब्लॉक की बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बीजेपी की प्रतिक्रियाओं पर तीखा पलटवार करते हुए कहा कि विपक्ष अपने फैसले किसी सत्तारूढ़ दल की प्रतिक्रिया देखकर नहीं लेगा। उन्होंने चुनावी प्रक्रिया, मतदाता सूची में बदलाव और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर उठ रहे सवालों को लोकतांत्रिक बहस का अहम मुद्दा बताया। खरगे ने कहा कि विपक्ष का संघर्ष आगे भी जारी रहेगा और उनकी प्राथमिकता चुनाव प्रक्रिया में मतदाताओं के अधिकार तथा पारदर्शिता से जुड़े सवाल उठाना है।
खरगे ने विशेष रूप से चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर चिंता जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में वोट देने के अधिकार और चुनाव व्यवस्था से जुड़े गंभीर सवाल सामने आए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि निर्वाचन आयोग के भीतर से भी कुछ अधिकारियों ने प्रक्रियाओं को लेकर आपत्तियां दर्ज कराई हैं। हालांकि, इन दावों को राजनीतिक आरोप के रूप में देखा जाना चाहिए और संबंधित संस्थाओं के आधिकारिक पक्ष को भी ध्यान में रखना जरूरी है।
दरअसल, हाल के दिनों में Special Intensive Revision (SIR) और मतदाता सूची में बदलाव को लेकर विपक्ष तथा निर्वाचन आयोग के बीच टकराव बढ़ा है। रिपोर्टों के अनुसार निर्वाचन आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने कुछ फैसलों पर लिखित आपत्तियां दर्ज की थीं। निर्वाचन आयोग ने दूसरी ओर कहा है कि संस्थागत चर्चाओं के दौरान मतभेद और टिप्पणियां सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा हैं तथा SIR से जुड़े फैसले आयोग की प्रक्रिया के तहत लिए गए।
खरगे ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता आयोग की कार्रवाई का बचाव कर रहे हैं। इसी संदर्भ में उन्होंने ज्ञानेश कुमार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए उनके खिलाफ विपक्ष की पुरानी मांग दोहराई।
INDIA ब्लॉक की बैठक में चुनाव सुधार और मतदान व्यवस्था को लेकर भी बड़ा राजनीतिक संदेश सामने आया। विपक्षी गठबंधन ने भविष्य के चुनाव बैलेट पेपर से कराने की मांग रखी है। साथ ही मतदाता सूची में बदलाव की जानकारी सार्वजनिक करने, हटाए गए मतदाताओं के लिए अपील की व्यवस्था और SIR से जुड़े मामलों पर सुप्रीम कोर्ट में तेजी से सुनवाई की मांग की गई है।
19 विपक्षी दलों की बैठक के बाद INDIA ब्लॉक ने देशभर में संयुक्त कार्यक्रम चलाने का फैसला किया है। 6 अक्टूबर को विपक्षी सांसद निर्वाचन आयोग तक मार्च करेंगे, जबकि अलग-अलग जिलों में प्रदर्शन और पांच बड़ी रैलियों की योजना भी बनाई गई है।
इस पूरे विवाद ने अब चुनावी राजनीति को एक व्यापक संस्थागत बहस में बदल दिया है। एक तरफ विपक्ष चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाता अधिकारों का मुद्दा उठा रहा है, वहीं निर्वाचन आयोग अपने फैसलों को संवैधानिक और निर्धारित प्रक्रियाओं के तहत बताता रहा है। आने वाले दिनों में SIR, मतदाता सूची और मतदान प्रणाली पर राजनीतिक तथा कानूनी बहस और तेज होने के संकेत हैं।
Updated on:
01 Oct 2026 01:07 pm
Published on:
01 Oct 2026 12:35 pm
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