आपको बता दे कि हाल ही मानसून सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष विजेंद्र गुप्ता ने सदन में रोजगार कार्यालय मे हुए पंजीकरण और नौकरियों की जानकारी सरकार के रोजगार मंत्री से मांगी थी। विभाग ने अपने लिखित जवाब में यह जानकारी दी कि बीते तीन वर्षों के दौरान सरकार ने मात्र 344 बेरोजगारों को नौकरी दी है। 2015 में 176, 2016 में 102 और 2017 में 66 बेरोजगारों को नौकरियां दी गई है। विभाग ने यह भी बताया कि इन लोगों को किस विभाग में और किस पद पर नौकरी दी है। लेकिन विभाग ने इसके साथ एक और आंकड़ा बताया है जो कि सबको हैरानी में डालता है। विभाग ने बताया कि तीन वर्षों के दौरान रोजगार विभाग ने कुल 21.53 करोड़ रुपए खर्च कर दिए हैं।