नियमानुसार इसे लौटाने का नियम है, लेकिन 11 माह से जमा इस राशि से बैंक लाखों रुपए ब्याज कमा चुका है। जबकि, डीएमई कार्यालय ने जनवरी में छात्रों का पूरा ब्यौरा बैंक को दे दिया था। ताकि छात्रों की वापसी योग्य फीस समय पर लौटाई जा सके। छह माह होने को है, लेकिन बैंक की लापरवाही छात्रों को भारी पड़ रही है। डीएमई ने बुधवार को छात्रों की परेशानी को देखते हुए एक लिंक जारी किया है, जिसमें छात्र डिटेल देंगे। ताकि उन्हें पैसे लौटाने में आसानी हो।