Diwali 2026 : दिवाली पर आज घर-घर में मां महालक्ष्मी का पूजन होगा। दिवाली दीप जलाने और मां लक्ष्मी के स्वागत के पर्व के साथ- साथ जीवन में सुख, संपन्नता, ज्ञान, वैभव और खुशहाली की कामना का भी विशेष अवसर है। पंडित सोमेश परसाई बताते हैं कि माता लक्ष्मी के आठ स्वरूप हैं, जिन्हें अष्टलक्ष्मी कहा जाता है। इन आठ स्वरूपों की आराधना से जीवन के अलग-अलग क्षेत्रों में सुख, समृद्धि और उन्नति का आशीर्वाद प्राप्त होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कोई स्वरूप धन-संपत्ति प्रदान करता है तो कोई अन्न-धान्य, संतान, विजय, स्वास्थ्य और विद्या का वरदान देता है। धर्माचार्यों, पंडितों के अनुसार दिवाली पर अष्टलक्ष्मी का स्मरण और पूजन करने से घर में सकारात्मकता, संपन्नता और मंगल का वास होता है।