सुफयान अलवी/देवबंद. देवबंद तहसील क्षेत्र का गांव मिरगपुर अपनी विशेषता के लिए उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे भारत में अलग पहचान बनाए हुए है। गांव में ही बाबा फकीरादास की सिद्धकुटी मौजूद हैं। बाबा फकीरादास को ही सैकड़ों वर्ष पूर्व ग्रामीणों द्वारा दिए गए वचन को निभाने के लिए यहां आज भी कोई शख्स न तो मादक पदार्थों का इस्तेमाल करता है और न ही तामसिक खाद्य पदार्थ जैसे मांस, मछली, लहसुन, प्याज आदि का सेवन नहीं करते हैं। ऐसी मान्यता है कि यदि गांव का कोई व्यक्ति बाबा को दिए गए वचन को तोड़ता है तो उसके और परिवार के साथ अनहोनी घटना अवश्य होती है।