
CM Yogi Adityanath and Raja Bhaiya
वाराणसी. कुंडा के क्षत्रिय बाहुबली राजा भैया खुद सीएम योगी आदित्यनाथ को चुनौती देंगे या फिर सरेंडर कर जायेंगे। लोकसभा चुनाव 2019 में इसका बड़ा खुलासा होगा। चुनावी लड़ाई बेहद दिलचस्प हो जायेगी। यूपी में अपनी ताकत दिखाने के लिए राजा भैया ने खुद की पार्टी बनायी है। लोकसभा चुनाव परिणाम बतायेगा कि प्रदेश की सियासत में उनकी पार्टी की क्या ताकत है।
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क्षत्रिय बाहुबली राजा भैया की पार्टी ने यूपी की 80 सीटों पर चुनाव लडऩे की तैयारी की है। राजा भैया की पार्टी जनसत्ता दल लोकतांत्रित के बैनर तले प्रत्याशी लोकसभा चुनाव में अपनी ताकत दिखाने को बेकरार है। राजा भैया व सीएम योगी आदित्यनाथ (महाराज जी) का संबंध किसे से छिपा नहीं है। राजा भैया ने कई बार सीएम योगी को महाराज जी कह कर संबोधित किया है। राजनेताओं के आपस में संबंध कैसे भी हो, लेकिन राजनीति की कहानी अलग होती है। रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया का राजनीति कद तभी बढ़ेगा। जब उनके पार्टी के अधिक से अधिक प्रत्याशी चुनाव जीत कर आयेंगे। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि क्या राजा भैया के पार्टी का प्रत्याशी गोरखपुर संसदीय सीट से भी चुनाव लड़ेगा। यदि ऐसा होता है तो उन्हें सीएम योगी आदित्यनाथ को चुनौती देनी होगी। गोरखपुर की सीट को सीएम योगी का गढ़ माना जाता है। उपचुनाव में बीजेपी इस सीट को हार चुकी है लेकिन फिर से इस सीट पर कब्जा करने के लिए पार्टी सारी ताकत लगाने को तैयार है यदि राजा भैया ने इस सीट पर अपना प्रत्याशी नहीं खड़ा किया तो राजनीति में यही संदेश जायेगा कि बाहुबली नेता ने सीएम योगी के सामने सरेंडर कर दिया है। अखिलेश यादव, मायावती से लेकर राहुल गांधी की पार्टी के नेता यही आरोप लगाते आये हैं कि राजा भैया की पार्टी को पर्दे के पीछे से बीजेपी का समर्थन प्राप्त है।
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सीएम योगी आदित्यनाथ के लिए प्रतिष्ठा की सीट है गोरखपुर
सीएम योगी आदित्यनाथ के लिए गोरखपुर की सीट प्रतिष्ठा का प्रश्र है। सीएम योगी आदित्यनाथ किसी भी हाल में यह सीट अपने हाथ से नहीं जाने देंगे। मंदिर से जुड़ी इस सीट पर जबरदस्त चुनावी लड़ाई देखने को मिल सकती है ऐसे में राजा भैया भी अपने प्रत्याशी उतारते हैं तो सबसे अधिक नुकसान बीजेपी को होना तय है। राजा भैया के लिए इस सीट पर प्रत्याशी उतारना आसान नहीं होगा। विरोधी दल भी इसी सीट पर नजर लगाये हुए हैं। यूपी की सबसे हॅाट सीट में से एक गोरखपुर की संसदीय सीट होने वाली है। एक बार बीजेपी को उसके गढ़ में ही करारी शिकस्त मिली है दूसरी बार पार्टी कोई गलती नहीं करेगी। चुनाव परिणाम क्या आता है यह तो समय ही बतायेगा। इतना अवश्य है कि इस सीट पर राजा भैया प्रत्याशी उतराते हैं कि नहीं। इस पर सभी की नजरे टिकी हुई है।
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Published on:
21 Feb 2019, 12:01 PM IST
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