
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप । ( फोटो: IANS.)
अमेरिका में अवैध प्रवासियों के खिलाफ ट्रंप प्रशासन ने कड़ा एक्शन लिया है। USCIS दफ्तरों में ग्रीन कार्ड इंटरव्यू के दौरान कई लोगों को हिरासत में ले लिया गया। अमेरिका के सैन डिएगो में इंटरव्यू के दौरान लोगों को गिरफ्तार किया गया है। एक इमिग्रेशन वकील ने दावा किया कि उनके क्लाइंट ग्रीन कार्ड के लिए इंटरव्यू देने के लिए USCIS दफ्तर पहुंचे थे, लेकिन उसके हाथ में हथकड़ी डालकर गिरफ्तार कर लिया गया।
इमिग्रेशन वकील समन नासेरी ने कहा कि फेडरल एजेंसियों ने अब इंटरव्यू के दौरान वीजा अवधि से ज्यादा समय तक रूके लोगों की गिरफ्तारियां शुरू कर दी है। कुछ दंपतियों व उनके वकीलों ने अमेरिकी मीडिया को बताया कि उन्होंने ग्रीन कार्ड पाने के लिए सभी जरूरी कानूनी प्रक्रियाओं का सही तरीके से पालन किया था। इस मामले पर इमिग्रेशन वकील ने कहा कि 'ICE और USCIS ने ऐसा सिस्टम लागू कर दिया है जिसमें इंटरव्यू के दौरान अगर कोई व्यक्ति वीजा अवधि से ज्यादा समय तक रुका हुआ पाया गया, तो ICE वहीं गिरफ्तार कर लेती है।
उन्होंने कहा कि हाल ही में कई इमिग्रेशन वकीलों ने कहा कि उनके क्लाइंट्स को ग्रीन कार्ड इंटरव्यू के दौरान गिरफ्तार किया गया। एक वकील ने कहा कि पिछले सप्ताह उनके पांच क्लाइंट्स को ग्रीन कार्ड के इंटरव्यू के दौरान हिरासत में ले लिया गया, जबकि उनकी कोई क्रिमिनल हिस्ट्री नहीं थी और न ही वे सभी किसी भी मामले में आरोपी थे। वकीलों ने कहा कि वह सभी कानूनी रूप से अमेरिका में दाखिल हुए थे, लेकिन वीजा एक्सपायर होने के बावजूद देश में थे। वह सभी अमेरिकी नागरिकों से शादीशुदा थे और ग्रीन कार्ड के लिए एलिजिबल थे। वह पूरी प्रक्रिया का पालन करते हुए ग्रीन कार्ड के लिए आवेदन भी कर रहे थे।
इमीग्रेशन वकील ने कहा कि उनके पास इस तरह का पहला मामला 12 नवंबर को सामने आया था। इसके बाद एक एक करके 4 मामले सामने आए। उन्होंने कहा कि इन गिरफ्तारियों का मामला फिलहाल सिर्फ सैन डिएगो के USCIS कार्यालय तक सीमित दिखाई दे रहा है। उन्होंने सलाह दी कि जिन लोगों का ग्रीन कार्ड इंटरव्यू तय है, वे इसमें भाग जरूर लें, लेकिन संभावित गिरफ्तारी को लेकर मानसिक रूप से तैयार रहें।
साथ ही, गिरफ्तारी की स्थिति में परिवार और काम से जुड़ी व्यवस्था पहले से कर लेनी चाहिए। क्योंकि अगर कोई इंटरव्यू में नहीं जाता तो उनका मामला खारिज किया जा सकता है। इसके अलावा, चूंकि ये लोग अब कानूनी स्थिति में नहीं हैं, उन्हें कहीं भी ICE (इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एन्फोर्समेंट) द्वारा गिरफ्तार किया जा सकता है।
इस मामले में एक और वकील टेसा कैबरेरा ने कहा कि उनका एक क्लाइंट साल 2002 से अमेरिका में रह रहा था। उसे इंटरव्यू के दौरान गिरफ्तार कर लिया गया। उन्होंने कहा कि उनके क्लाइंट की अमेरिकी नागरिक बेटी ने उनके ग्रीन कार्ड को लेकर आवेदन दिया था।
टेसा ने कहा कि जब क्लाइंट USCIS दफ्तर पहुंचे तो दो ICE अधिकारी अंदर आए, नाम पूछा और तुरंत उसे हथकड़ी लगा दी। फिर मेरे क्लाइंट को फेडरल बिल्डिंग के बेसमेंट में ले जाया गया और फिर डिटेंशन सेंटर में बंद कर दिया गया। वकील ने बताया कि ICE ने डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी की ओर से जारी गिरफ्तारी वारंट दिया था, जिसमें कहा गया था कि इमिग्रेशन अधिकारियों के बयान और सबूतों के आधार पर यह माना गया कि व्यक्ति के पास कानूनी इमिग्रेशन स्थिति नहीं थी और वह अमेरिका से निष्कासन योग्य था।
इस मामले पर ICE की तरफ से आधिकारिक बयान भी आया है। इसमें कहा गया है कि हम अमेरिका की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इमिग्रेशन कानून को लागू कर रहे हैं। ऐसे में जो लोग अमेरिका में अवैध रूप से मौजूद हैं, वह चाहे USCIS जैसे फेडरल कार्यालयों में ही क्यों न हों उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा और उन्हें निर्वासन का सामना करना पड़ सकता है।
Updated on:
28 Nov 2025 11:04 am
Published on:
28 Nov 2025 11:04 am
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