
डोनाल्ड ट्रंप के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार को 18 दिसम्बर को सुनाई जाएगी सजा
वाशिंगटनः अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) माइकल फ्लिन को जांच एजेंसी से झूठ बोलने के मामले में 18 दिसम्बर को सजा सुनाई जाएगी। विशेष वकील रॉबर्ट मुलर्स द्वारा रूसी जांच (अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में रूसी हस्तक्षेप की जांच) के दौरान फ्लिन ने एक साल पहले जांच एजेंसी एफबीआई से झूठ बोलने की बात मानी थी। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, फ्लिन को सजा सुनाए जाने के संबंध में मुलर्स की टीम की ओर से संकेत मिलने के एक दिन बाद बुधवार को एक जिला अदालत के न्यायाधीश एम्मेट सुलिवन का यह फैसला आया। इससे पहले राष्ट्रपति के पूर्व सहयोगी द्वारा जांच में सहयोग करने को लेकर सजा में विलंब करने की बात कही गई थी। बता दें कि झूठ बोलने का गुनाह स्वीकार किए जाने के बाद चार बार सजा में देरी की जा चुकी है।
माइकल ने झूठ बोलने की बात कोर्ट में स्वीकार की
इससे पहले अदालत में दाखिल की गई जानकारी के अनुसार, फ्लिन का विशेष वकील रॉबर्ट मूलर के साथ रूस से जुड़ी मौजूदा जांच जल्द ही खत्म होगी। बता दें कि अभी हाल तक फ्लिन, ट्रंप के सबसे उच्च रैंकिंग वाले सहयोगी थे, जो 2016 में राष्ट्रपति चुनाव में रूसी हस्तक्षेप से जुड़ी जांच में सहयोग कर रहे थे। ट्रंप के अभियान के पूर्व चेयरमैन पाउल मैनफोर्ट ने 14 सितंबर को दो संघीय आरोपों में अपना दोष स्वीकार किया। उन्होंने मूलर के साथ पूरी तरह से सहयोग करने पर सहमति जताई। फ्लिन ने ट्रंप के राष्ट्रपति चुनाव के परिवर्तन के दौरान रूसी राजदूत के साथ अपनी बातचीत के बारे में झूठ बोलने की बात कबूली। अदालत में दर्ज बयान के अनुसार, फ्लिन ने यह भी कहा कि उन्होंने 2017 में न्याय विभाग के साथ तुर्की के साथ कंसल्टिंग कार्य के बारे में झूठ बोला था।
Updated on:
20 Sept 2018 09:12 pm
Published on:
20 Sept 2018 09:12 pm
