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Road Project: छत्तीसगढ़ में पहाड़ काटकर बनाई जा रही सडक़, 25 किमी का चक्कर घटकर होगा 5 किलोमीटर

Chhattisgarh Road Project: बालोद जिले के जुनवानी-चिखली के बीच 12 करोड़ रुपए से सड़क निर्माण शुरू। पहाड़ काटकर सड़क बनने से 25-30 किमी का सफर घटकर 4-5 किमी रह जाएगा।
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बालोद

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Love Sonkar

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Updated: 27 Oct 2026, 2:38 PM IST

Road Project 2026

पहाड़ काटकर बनेगी सडक़ (Photo Patrika)

Road Project 2026: बालोद जिले के डौंडीलोहारा विधानसभा क्षेत्र में जुनवानी से चिखली तक पहाड़ काटकर नई सडक़ बनाने का काम शुरू हो गया है। करीब 40 साल पुरानी ग्रामीणों की मांग पूरी होने की दिशा में बढ़ते इस कदम से क्षेत्र की दूरी घटने के साथ आवागमन, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। शासन ने इस मार्ग के निर्माण के लिए 12 करोड़ रुपए स्वीकृत किए हैं। पूर्व जनपद सदस्य संजय बैस और भाजपा प्रदेश प्रवक्ता एवं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष देवलाल ठाकुर के प्रयासों के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस बहुप्रतीक्षित सडक़ के लिए राशि स्वीकृत की। भूमिपूजन के बाद लोक निर्माण विभाग और ठेकेदार की टीम मशीनों से पहाड़ काटने एवं रास्ते को समतल करने में जुटी है।

एक साल में पूरा करने का लक्ष्य

लोक निर्माण विभाग के अनुसार निर्माण कार्य एक वर्ष के भीतर पूरा किया जाना है। परियोजना में पहाड़ी कटाव के साथ रिटेनिंग वॉल, पुलिया और कल्वर्ट निर्माण एवं सडक़ का डामरीकरण शामिल है। इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य बारिश के दौरान पानी की निकासी सुनिश्चित करना और पहाड़ी क्षेत्र में सडक़ को सुरक्षित बनाना है। निर्माण के दौरान पर्यावरण एवं वन विभाग के नियमों का पालन करने की योजना है।

इलाज व पढ़ाई के लिए मिलेगी राहत

वर्तमान में जुनवानी और चिखली के बीच पहाड़ी एवं घने वन क्षेत्र के कारण सीधा संपर्क नहीं है। ग्रामीणों को पैदल पगडंडी से जोखिम उठाकर गुजरना पड़ता है या मुख्य मार्ग से घूमकर 25 से 30 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है। नई सडक़ बनने के बाद यह दूरी घटकर लगभग 4 से 5 किलोमीटर रह जाएगी।

ग्रामीणों को दशकों पुरानी मांग पूरी होने की उम्मीद

जुनवानी के 62 वर्षीय ग्रामीण रामसाय मंडावी ने बताया कि वर्षों तक पहाड़ का चक्कर लगाकर आवागमन करना पड़ा। बीमारी के समय मरीजों को खाट पर ले जाना पड़ता था या वाहन से लंबा रास्ता तय करना पड़ता था। अब सडक़ निर्माण शुरू होने से आने वाली पीढ़ी को राहत मिलने की उम्मीद है।

मरीजों और गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचने में होगी आसानी

मरीजों और गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने में आसानी होगी। विद्यार्थियों को स्कूल-कॉलेज आने-जाने में कम समय लगेगा। किसानों और वनोपज संग्राहकों को सब्जियां, महुआ, चार और तेंदूपत्ता बाजार तक पहुंचाने में सुविधा मिलेगी। ग्रामीणों को उम्मीद है कि इससे परिवहन खर्च घटेगा और स्थानीय उत्पादों के बेहतर दाम मिल सकेंगे।

सडक़ तैयार होने से ग्रामीणों को आवागमन में मिलेगी राहत

पूर्व जनपद पंचायत सदस्य संजय बैस ने कहा कि ग्रामीणों की वर्षों पुरानी मांग अब पूरी होने जा रही है। लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता आरएन उसेंडी ने बताया कि फिलहाल जेसीबी से पहाड़ काटने और जमीन समतल करने का काम चल रहा है। सडक़ तैयार होने से ग्रामीणों को आवागमन में बड़ी राहत मिलेगी।

किसानों को उपज बेचने में होगी सुविधा

किसान संतोष कुमार ने कहा कि लंबी और कठिन दूरी के कारण व्यापारी गांवों तक आने से कतराते थे। सडक़ बनने से वाहन सीधे खेतों तक पहुंच सकेंगे और किसानों को अपनी उपज बेचने में सुविधा होगी।