
BJP Mandal President Wrong Treatment: झोलाछाप डॉक्टर के इलाज से 22 वर्षीय युवक की थमी सांसें (फोटो सोर्स- Patrika)
BJP Mandal President Wrong Treatment: मध्य प्रदेश के भिंड जिले से झोलाछाप डॉक्टर के इलाज की वजह से युवक की मौत बड़ी खबर सामने आई है। महदवा निवासी 22 वर्षीय युवक विश्वास राजावत की कथित गलत इलाज के कारण मौत हो गई। परिजन का आरोप है कि रौन स्थित विधि मेडिकल के संचालक एवं भाजपा मंडल अध्यक्ष पुष्पेन्द्र कुशवाहा ने पेट दर्द होने पर युवक को दो बोतलें (आईवी फ्लूइड) चढ़ा दीं, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ गई और भिंड ले जाते समय रास्ते में उसने दम तोड़ दिया।
परिजनों के अनुसार शुक्रवार सुबह विश्वास पुत्र बबलू राजावत को पेट में दर्द हुआ। रौन बाजार में संचालित उसे विधि मेडिकल एवं क्लीनिक ले जाया गया, जहां पुष्पेंद्र कुशवाह ने उसे दवा दी और दो बोतलें चढ़ाई। जब युवक को आराम नहीं मिला तो पुष्पेन्द्र एक और बोतल चढ़ाने लगा लेकिन परिजन ने मना कर दिया। लगभग छह घंटे के इलाज के बाद झोलाछाप ने उन्हें भिंड ले जाने की सलाह दी। लेकिन शाम को भिंड अस्पताल जाते समय रास्ते में विश्वास की मौत हो गई। इसके बाद परिजन शुक्रवार की शाम शव लेकर घर रवाना हो गए। शनिवार सुबह 11 घंटे तक प्रदर्शन बजे बड़ी संख्या में रिश्तेदार और ग्रामीणों ने थाना घेर लिया। छह चला। परिजन क्लीनिक संचालक पर एफआइआर के लिए अड़ गए। परिजन की मांग पर पुलिस ने देर शाम क्लीनिक संचालक के खिलाफ एफआइआर दर्ज कर ली।
घटना के बाद पुष्पेंद्र कुशवाह मैडिकल और क्लीनिक बंद करके फरार हो गया। हंगामा बढ़ते देख स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने मेडिकल व क्लीनिक को सील कर दिया।
विश्वास दो भाइयों में सबसे बड़ा था। उसने 16 अगस्त को रेलवे का एग्जाम दिया था। अन्य सरकारी नौकरी की तैयारी भी कर रहा था। उनका यह भी आरोप है कि 2024 में भी एक युवक की गलत इलाज से जान चली गई थी लेकिन मेडिकल संचालक पुष्पेंद्र कुशवाह रसूखदार है क्योंकि वह मिहोना का मंडल अध्यक्ष है और उसकी पत्नी दबरेहा ग्राम पंचायत की सरपंच है।
क्लीनिक पर एक व्यक्ति की। उपचार के दौरान मौत हुई है। परिजन ने कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। उनकी मांगों को देखते हुए क्लीनिक संचालक के खिलाफ एफआइआर दर्ज की है।- राजवीर सिंह गुर्जर, टीआइ, रौन
घटना के बाद जांच टीम मौके पर पहुंची तो क्लीनिक बंद मिला। उसे सील किया है। शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जा रही हैं। जल्द ही सभी क्लीनिकों की जांच का अभियान चलाएंगे।- डॉ जेएस यादव, सीएमएचओ, भिण्ड
जिले में 500 से अधिक क्लीनिक अवैध रूप से संचालित हो रहे हैं, जिनके पास न तो रजिस्ट्रेशन हैं और न हीं वैध डिग्री। जिले में अवैध क्लीनिकों पर कार्रवाई के लिए कार्रवाई के लिए कहने को तो डॉ आलोक शर्मा के नेतृत्व में चार सदस्यीय टीम गठित है, लेकिन कार्रवाई अक्सर जब कोई हादसा हो जाता है उसके बाद ही की जाती है। लापरवाही के कारण लोगों की जान चली जाती है।
चार माह पूर्व मिहोना में भी एक झोलपाछाप के इलाज से एक युवक की मौत हो गई थी, जिसके बाद बंगाली का क्लीनिक सील किया गया था। वहीं एक माह पूर्व मछंड तिराहे पर पेट दर्द की दवा लेकर गए युवक की भी मौत हो गई थी। बता दें क्लीनिक संचालन के लिए कम से कम एमबीबीएस की डिग्री अनिवार्य है। लेकिन झोलाछाप दूसरों की डिग्री लगाकर रजिस्ट्रशन करवा लेते हैं।
अटेर थाना क्षेत्र के अहरोली घाट में शनिवार को एक मरीज की मौत के बाद परिजन ने झोलाछाप पर गलत दवा देने का गंभीर आरोप लगाया है। मृतक रामदास श्रीवास, जो एरोली घाट छोटा पुरा के निवासी थे, के परिजनों का कहना है कि एरोली घाट चौराहे स्थित एमएस कुशवाह के क्लीनिक में इलाज के दौरान उन्हें गलत दवा दी गई, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। मृतक के भतीजे महेंद्र श्रीवास और नाती गौरव श्रीवास ने इस मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है। परिजन ने डॉक्टर की डिग्री, क्लीनिक के पंजीयन और वैधता की जांच कर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई करने की मांग की है।
Updated on:
23 Aug 2026 11:21 am
Published on:
23 Aug 2026 11:21 am
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