
स्वरा भास्कर ने पीएम मोदी पर किया तीखा हमला (Photo Source- Twitter/ANI/reallyswara)
Swara Bhasker Dig on Narendra Modi dimagi naxals remark: बॉलीवुड अभिनेत्री और सामाजिक-राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखने वाली स्वरा भास्कर एक बार फिर सुर्खियों में हैं। उनका पीएम मोदी पर नया तंज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्वतंत्रता दिवस पर जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिमागी नक्सल पर टिप्पणी की थी, उसी पर स्वरा भास्कर ने उन्हें घेर लिया है और कहा है कि वह अपनी कब्र खुद खोद रहे हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त को देश को संबोधित करते हुए बयान दिया था, जिसमें उन्होंने देश में कुछ विचारधाराओं और विचारकों पर निशाना साधते हुए 'दिमागी नक्सल' शब्द का इस्तेमाल किया था। पीएम की इस टिप्पणी पर स्वरा भास्कर ने तीखी प्रतिक्रिया दी।
स्वरा भास्कर ने कहा, "दिमागी नक्सल इन्होंने खुद बनाया है। आलम यह है कि 1 घंटे के अंदर ही सोशल मीडिया पर 'दिमागी नक्सल पार्टी' बन गई और देखते ही देखते उसके लाखों फॉलोअर्स भी आ गए। तो अब यह लोग अपनी कब्र खुद ही खोद रहे हैं, जो कि अच्छी बात है। आगे चलकर इनकी कब्र पर क्या लिखा जाएगा, यह भी ये खुद ही तय करके बता देंगे।"
स्वरा भास्कर ने आगे देश के शिक्षा तंत्र पर भी गंभीर सवाल उठाए। लखनऊ और भोपाल जैसे शहरों में छोटे-छोटे स्कूली बच्चों के सड़कों पर उतरने की खबरों पर स्वरा ने गहरा दुख जताया। उन्होंने कहा, “भाई, यह तो आप खुद सोचें कि हमारे देश के लिए कितनी शर्म की बात है कि जिन छोटे-छोटे बच्चों को इस वक्त स्कूलों और क्लासरूम में होना चाहिए, उन्हें अपनी पढ़ाई छोड़कर सड़कों पर उतरकर विरोध करना पड़ रहा है। ऐसा इसलिए हो रहा है क्योंकि हमारे शिक्षा तंत्र की हालत बेहद खस्ता हो चुकी है।"
स्वरा ने आगे कहा, "जब आप बच्चों को ढंग के स्कूल नहीं देंगे, बेहतर क्लासरूम नहीं देंगे और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा नहीं मुहैया कराएंगे, तो बच्चा क्या करेगा? जाहिर सी बात है कि वह अपने हक और बेहतर भविष्य के लिए सड़क पर उतरकर अधिकार मांगेगा। बच्चों का प्रोटेस्ट पर आना ही इस सरकार की सबसे बड़ी नाकामी को दर्शाता है।"
बता दें, पीएम मोदी के भाषण के बाद से इंस्टाग्राम पर दिमागी नक्सल पार्टी (Dimagi Naxal Party) के नाम से एक व्यंग्यात्मक अकाउंट सामने आया है। यह पेज तेजी से वायरल हो रहा है और कुछ ही समय में इसके फॉलोअर्स की संख्या चार लाख से अधिक हो गई है। पेज का दावा है कि वह सवाल पूछने, रिसर्च करने और नीतियों पर बहस की बात करता है।
Updated on:
19 Aug 2026 09:45 am
Published on:
19 Aug 2026 09:27 am
