
लंबे समय मोबाइल चलाने वाले ध्यान दें : हाथ में ब्लास्ट हुआ फोन, दोनों हाथों की उंगलियां छतिग्रस्त
मध्य प्रदेश के धार में एक नाबागिल के हाथ में मोबाइल फोन ब्लास्ट होने का हैरानकुन मामला सामने आया है। हादसा कितना भीषण होगा इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि, ब्लास्ट की चपेट में आए लड़के के दोनों हाथों की उंगलिया बुरी तरह धतिग्रस्त हो गई हैं। बताया जा रहा है कि, हादसा उस समय हुआ, जब नाबालिग मोबाइल चला रहा था। फिलहाल, गंभीर हालत में लड़के का इलाज जिले के भोज अस्पताल में शुरु कर दिया गया है।
आपको बता दें कि, जिले के अंतर्गत आने वाले ज्ञानपुरा के रहने वाले 16 वर्षीय प्रकाश मवेशी चराने जंगल गया था। यहां जिस समय जंगल में मवेशी चर रहे थे, तभी वो अपना फोन निकालकर चलाने लगा। इसी दौरान उसका मोबाइल फोन अचानक हाथ में ही फट गया। ब्लास्ट की चपेट में आने से उसके दोनों हाथों की उंगलिया बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुई हैं। साथ ही, सीने पर भी गंबीर चोटें आई हैं। बताया जा रहा है कि, हाथ में फटने वाले मोबाइल जियो कंपनी का था। हालांकि, हादसे के बाद पीड़ित की चीख पुकार सुनकर जंगल में आसपास मौजूद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उसे लेकर तत्काल अस्पताल पहुंचे।
धमाका होने के बाद कुछ समझ नहीं आ रहा था- पीड़ित
घायल प्रकाश का कहना है कि, वो घर के मवेशी चराने के लिए जंगल गया था। उसके पास एक मोबाइल फोन था, जिसे वो चलाने लगा। तभी अचानक तेज आवाज के साथ मोबाइल में धमाका हुआ, जिसकी आवाज आने के बाद उसकी सुध बुध खत्म हो गई थी। मानों जैसे वो देख सब रहा था, लेकिन उसे कुछ समझ नहीं आ रहा था। हालांकि, अस्पताल में उसे अहसास हुआ कि, उसकी दोनों हाथों की उंगलिया पूरी तरह श्रतिग्रस्त हो चुकी हैं और छाती पर भी गंभीर चोटें आई हैं।
कल होगा ऑपरेशन
वहीं, इस संबंध में प्रकाश के उपचार में जुटे डॉक्टर कमलेश अहिरवार का कहना है कि, उसके एक हाथ की उंगलियां पूरी तरह से खत्म हो चुकी हैं, जबकि दूसरे हाथ की उंगलियों में भी गंभीर चोटें हैं। फिलहाल, शुरुआती इलाज कर दिया गया है। अब एक्स-रे के बाद उसका ऑपरेशन करना होगा। डॉ. अहिरवार के अनुसार, अगले दिन उसका ऑपरेशन किया जाएगा। भोज अस्पताल के सिविल सर्जन एमएम मालवीय का कहना है कि, हाथों की उंगलियां तहस - नहस हो गई हैं। उसका इलाज लंबे समय तक किए जाने के बाद ही ठीक होने की संभावना है। फिलहाल, लड़के की हालत स्थिर है।
अस्पताल लाने वाले पड़ोसी ने बताया
वहीं, प्रकाश को अस्पताल लेकर पहुंचे उसके घर के पड़ोस में रहने वाले प्रदीप यादव का कहना है कि, प्रकाश मवेशी चराने जंगल में पहुंचा था। मैं भी कूच मीटर की दूरी पर अपने मवैशी चरा रहा था। अचानक बच्चे के चीखने की आवाज सुनकर मैं मौके पर पहुंचा तो वहां देखा तो मोबाइल बिखरा पड़ा था, जबकि बच्चे के हाथों से खून बह रहा था। मैने बिना देर किया तत्काल ही उसे अस्पताल लेकर पहुंचने का फैसला किया और उसके घर वालों को फोन पर घटना के संबंध में सूचित किया। उसे तत्काल जिला अस्पताल लेकर आए हैं, जहां चिकित्सकों ने उसका इलाज शुरु कर दिया है।
Published on:
9 Jan 2023, 8:36 PM IST
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