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शुभ मुहूर्त में होलिका दहन जरूरी, नहीं तो बढ़ता है दुर्भाग्य, इस दिन जरूर कर लें ये उपाय

पत्रिका.कॉम यहां आपको बता रहा है होलिका दहन का महत्व सही समय और इस दौरान किए जाने वाले कुछ उपायों के बारे में जिन्हें करने से गंभीर रोग आपसे दूर भागेंगे तो सुख-समृद्धि आपके द्वार चली आएगी...हालांकि पत्रिका.कॉम इसकी पुष्टि नहीं करता है, ये उपाय लोक मान्यताओं पर आधारित हैं...
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Sanjana Kumar

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Updated: 28 Jan 2023, 4:48 PM IST

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क्या आप जानते हैं कि होलिका दहन की पूजा अगर मुहूर्त पर न की जाए, तो यह दुर्भाग्य और पीड़ा देती है। इस बार होलिका दहन का शुभ मुहूर्त जानने के लिए इस लेख को पूरा पढ़ें। पत्रिका.कॉम यहां आपको बता रहा है होलिका दहन का महत्व सही समय और इस दौरान किए जाने वाले कुछ उपायों के बारे में जिन्हें करने से गंभीर रोग आपसे दूर भागेंगे तो सुख-समृद्धि आपके द्वार चली आएगी...हालांकि पत्रिका.कॉम इसकी पुष्टि नहीं करता है, ये उपाय लोक मान्यताओं पर आधारित हैं...


होली का महत्व

सनातन धर्म के शास्त्रों के मुताबिक हिरण्यकश्यप राक्षसों का राजा था। उसका पुत्र प्रह्लाद, भगवान विष्णु का सबसे बड़ा भक्त था। राजा हिरण्यकश्यप भगवान विष्णु को अपना शत्रु मानता था। जब उसे पता चला कि प्रह्लाद विष्णु भक्त है, तो उसने प्रह्लाद को रोकने की कोशिश की। लेकिन प्रह्लाद के न मानने पर हिरण्यकश्यप प्रह्लाद को यातनाएं देने लगा। हिरण्यकश्यपु ने प्रह्लाद को पहाड़ से नीचे गिरा दिया, हाथी के पैरों से कुचलवाने की कोशिश की, लेकिन भगवान विष्णु की कृपा से प्रह्लाद बच गया। हिरण्यकश्यप की होलिका नाम की एक बहन थी। उसे वरदान था कि वह अग्नि में नहीं जलेगी। हिरण्यकश्यप के कहने पर होलिका प्रह्लाद को मारने के लिए अपनी गोद में बैठाकर आग में प्रवेश कर गई। लेकिन भगवान विष्णु की कृपा से तब भी भक्त प्रह्लाद बच गया और होलिका जल गई। मान्यता है कि तभी से बुराई पर अच्छाई की जीत के रूप में होलिका दहन के बाद यह त्योहार मनाया जाने लगा।

यहां पढ़ें होलिका दहन का शुभ समय

- होलिका दहन सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में किया जाता है। फाल्गुन माह की पूर्णिमा तिथि 6 मार्च 2023 को शाम 04 बजकर 17 मिनट पर शुरू होगी। इसका समापन 7 मार्च 2023 को शाम 06 बजकर 09 मिनट पर किया जाएगा।

- भद्रा पूँछ - सुबह 12:43 - सुबह 02:01

- भद्रा मुख - सुबह 02:01 - सुबह 04:11

- होलिका दहन मुहूर्त - शाम 06 बजकर 31 मिनट से रात 08 बजकर 58 तक (7 मार्च 2023)

- अवधि - 02 घंटे 27 मिनट

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जरूर करें ये उपाय

- यदि आपको लगता है कि बच्चे को किसी की नजर लग गई है तो, देसी घी में भीगी पांच लौंग, एक बताशा, एक पान का पत्ता होलिका दहन में अर्पित करें। दूसरे दिन वहां की राख लाकर उसका ताबीज बनाकर बच्चे को पहनाएं।

- यदि आपके घर को बुरी नजर लग गई है उसे उतारने का यह स्वर्णिम अवसर है। देसी घी में भीगी दो लौंग, एक बताशा, मिश्री, एक पान का पत्ता होलिका दहन में अर्पित करें। दूसरे दिन वहां की राख लाकर लाल कपड़े में बांधकर घर में रखें।

- यदि कोई आपकी धन वापसी में बेईमानी कर रहा है और आप मुकदमे में नहीं पडऩा चाहते तो, होलिका दहन स्थल पर धन न लौटाने वाले का नाम जमीन पर अनार की लकड़ी से त्रिकोण के अंदर लिखें और उस पर हरा गुलाल छिडक़ दें। होलिका माता से धन वापसी की प्रार्थना करें। अगले दिन वहां से राख उठाकर उस व्यक्ति का नाम लेते हुए जल में प्रवाहित कर दें।

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- यदि कोई बहुत बीमार है या दवा नहीं लग रही तो एक मु_ी पीली सरसों, एक लौंग, काले तिल, एक छोटा टुकड़ा फिटकरी, एक सूखा नारियल लेकर उस पर 7 बार उल्टा घुमा कर होलिका में दहन कर दें।

- दांपत्य जीवन में मिठास लाने के लिए रुई की 108 बात्तियां देसी घी में भिगोकर के होलिका में संबंध सुधार की अनुनय सहित एक-एक करके परिक्रमा करते हुए डालें। यह उपाय माता-पिता अपने बच्चों, वर-वधु की फोटो पर घुमा कर भी कर सकते हैं।

- यदि आपको लगता है कि किसी ने आपके ऊपर तांत्रिक अभिचार किया हुआ है, जिसके कारण आपकी प्रगति रुक गई है। तो देसी घी में भीगी दो लौंग, एक बताशा, एक पान का पत्ता होलिका दहन में अर्पित करें। दूसरे दिन वहां की राख लाकरशरीर पर मलें और नहा लें। तांत्रिक अभिचार दूर हो जाएगा।

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- आपके घर, दुकान, प्रतिष्ठान को नजर लग गई हो या प्रतिद्वंदी ने कुछ करा दिया हो तो, होलिका दहन की शाम मुख्य द्वार की दहलीज पर लाल गुलाल छिडक़ें, उस पर आटे का दोमुखी दिया, थोड़ा सा सरसों का तेल डाल कर जलाएं। समस्याओं के निराकरण की प्रार्थना करें और दीपक ठंडा होने पर होलिका में दहन के लिए डाल आएं।

- कमल गट्टे की माला से ओम् महालक्ष्म्यै नम: का जाप करें। यही माला धारण करके होलिका के निकट देसी घी का दीपक जलाकर आर्थिक संपन्नता की प्रार्थना करें। आपकी सभी आर्थिक समस्याएं दूर हो जाएंगी।

- यदि कोई आत्मीय आपका कहना नहीं मानता या आपका शत्रु ही बन गया हो तो, उसका नाम लेते हुए होलिका की रात, लाल चंदन की माला से इस मंत्र का जाप करें- ओम् कामदेवाय विद्महे पुष्पबाणाय धीमहि तन्नो अनंग प्रचोदयात!!

- दुकान, ऑफिस, फैक्ट्री या मकान में अक्सर होने वाली या अचानक चोरी या नुकसान के बचाव के िलए सूखा नारियल और तांबे का पैसा घर या दुकान में सात बार चारों कोनों में घुमाएं और उसे होलिका में डाल आएं। लाभ होगा।

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