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यह है दुनिया की सबसे बड़ी और खतरनाक गुफा, डरावनी आवाजें सुन खड़े हो जाते हैं रोंगटे

हैंग सन डूंग गुफा दुनियाँ की सबसे बड़ी गुफा है। इस गुफा की खोज साल 1991 में 'हो खानह' नाम के स्थानीय शख्स ने की थी। उस वक्त पानी की भयंकर गर्जना और गुफा में घोर अंधेरा होने के कारण कोई भी अंदर जाने की हिम्मत नहीं जुटा पाया था।
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नई दिल्ली

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Shaitan Prajapat

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Updated: 29 Apr 2022, 8:18 AM IST

Hang Son Doong Cave Vietna

Hang Son Doong Cave Vietna

इस दुनिया में कई सारी ऐसी जगह है, जिसे देखकर हम सभी चौंक जाते है। हर कोई हैरान हो जाता है कि आखिरकार ऐसा कैसे संभव है। इन रहस्यमयी और खतरनाक चीजों को लेकर सालों से रिसर्च किया जा रहा है। लेकिन वैज्ञानिक अब तक किसी भी नतीजे पर नहीं पहुंचे है। इनको लेकर लोगों कई प्रकार की कहानियां भी प्रचलित है। जिसमें इन रहस्यमी चीजों को लेकर अलग अलग दावा किया जाता है। इस कड़ी में आज आपको ऐसी गुफा के बारे में बताने जा रहे है जो दुनिया की सबसे बड़ी बताई जा रही है। हम बात कर रहे है वियतनाम की गुफाओं की। ये गुफाएं दुनियाभर में काफी मशहूर है। ऐसा कहा जाता है कि इनके अंदर से डरावनी आवाज आती है।

डरावनी आवाजें सुनकर कांप जाते है लोग
वियतनाम की गुुफा को लेकर कहा जाता है कि यह दुनिया की सबसे बड़ी है। इस गुफा के अंदर से बहुत ही डरावनी आवाजें आती है, जिनको सुनकर लोग कांप जाते है। इन डरावनी आवाजों के कारण कई इनसे दूर रहते है। एक रिपोर्ट के अनुसार, इस गुफा का नाम हैंग सोन डंग है। यह 200 मीटर चौड़ी और 150 मीटर ऊंची नौ किलोमीटर लंबी है। इसके अंदर पेड़ और पौधों से लेकर जंगल, बादल और नदियों तक मौजूद है।

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200 मीटर चौड़ी, 150 मीटर ऊंची और 9 किमी लंबी
इस गुफा को पहली बार साल 2013 में पर्यटकों के लिए खोला गया था। 200 मीटर चौड़ी और 150 मीटर ऊंची नौ किलोमीटर लंबी इस गुफा का नाम हैंग सोन डंग है। इस गुफा के अंदर पेड़ और पौधों से लेकर जंगल, बादल और नदियों तक सब कुछ है। आपको जानकर हैरानी होगी कि हर साल केवल 250-300 लोगों को ही जाने की इजाजत है। खबरों के अनुसार, साल 1991 में हो खानाह नाम के स्थानीय व्यक्ति इसको खोजा था। ऐसा कहा जाता है कि गुफा में पानी और भयंकर गर्जना के कारण कोई भी अंदर नहीं जाना चाहता।

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महीनों की ट्रेनिंग और लाखों खर्च
इस गुफा में जाने के लिए महीनों तक ट्रेनिंग लेनी पड़ती और आपको लाखों रुपए खर्च करने पड़ते है। एक रिपोर्ट के अनुसार, गुफा के अंदर जाने के लिए प्रति व्यक्ति टिकट लगभग दो लाख रुपये है। गुफा में आने वाले पर्यटकों को पहले छह महीने की ट्रेनिंग दी जाती है। उन्हें कम से कम 10 किमी चलना और छह बार चट्टान पर चढ़ना सिखाया जाता है। तभी उन्हें गुफा में ले जाया जाता है। हर साल पर्यटक अगस्त महीने से पहले ही इस गुफा के अंदर जाकर फिर लौट आते हैं, क्योंकि इसके बाद गुफा के अंदर मौजूद नदी का जलस्तर बढ़ जाता है।