
Police Raid at Spa - File PIC
राजस्थान की राजधानी जयपुर में अवैध गतिविधियों और बिना गाइडलाइन के चल रहे स्पा सेंटरों के खिलाफ पुलिस प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण के निर्देश पर कार्रवाई करते हुए वेस्ट जिला पुलिस टीम ने शनिवार को मुरलीपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कई प्रमुख स्पा सेंटरों पर एक साथ दबिश दी। अचानक हुई इस पुलिस रेड से इलाके के स्पा संचालकों और वहां मौजूद लोगों के बीच हड़कंप मच गया। एसीपी झोटवाड़ा शिवकुमार भारद्वाज के नेतृत्व में चलाई गई इस मुहीम के दौरान पुलिस ने मौके से करीब 13 युवतियों और 4 युवकों को हिरासत में लिया है, जिनसे फिलहाल पुलिस थाने में पूछताछ की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, स्थानीय निवासियों से लगातार मिल रही शिकायतों और गुप्त सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने इस पूरी कार्रवाई का खाका तैयार किया था। अधिकारियों के अनुसार, मुरलीपुरा क्षेत्र में संचालित हो रहे कई स्पा सेंटरों में लंबे समय से नियमों और सरकारी गाइडलाइन्स की धज्जियां उड़ाई जा रही थीं और कई गतिविधियां पूरी तरह से संदेह के दायरे में थीं।
पुलिस टीम ने जब इन ठिकानों पर अचानक छापेमारी की तो वहां कई अनियमितताएं पाई गईं, जिसके बाद सभी संदिग्धों को थाने लाकर मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी गई है।
राजधानी के पश्चिमी इलाके में व्यावसायिक परिसरों में चल रहे अनधिकृत स्पा सेंटरों पर कार्रवाई के लिए डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए थे। इसके बाद एसीपी झोटवाड़ा शिवकुमार भारद्वाज की अगुवाई में मुरलीपुरा थाना पुलिस और विशेष टीमों का गठन किया गया। पुलिस दल ने रणनीति के तहत मुरलीपुरा के मुख्य बाजारों और कमर्शियल बिल्डिंग्स में स्थित स्पा सेंटरों को अचानक घेर लिया।
छापेमारी की प्रक्रिया इतनी त्वरित थी कि स्पा सेंटरों के संचालकों और कर्मचारियों को भागने या संभलने का कोई मौका तक नहीं मिला। पुलिस टीम ने अंदर मौजूद रजिस्टरों, सीसीटीवी फुटेज और अन्य दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। जांच के दौरान यह पाया गया कि कई सेंटर बिना वैध लाइसेंस, बिना पुलिस वेरिफिकेशन और तय गाइडलाइन्स का उल्लंघन करके चलाए जा रहे थे।
मुरलीपुरा थाना क्षेत्र में हुई इस बड़ी कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से कुल 17 लोगों को पकड़ा है, जिनमें 13 युवतियां और 4 युवक शामिल हैं। पुलिस हिरासत में लिए गए युवकों में स्पा सेंटर के संचालक, मैनेजर और कुछ ग्राहक बताए जा रहे हैं। वहीं युवतियों के संबंध में पुलिस उनके पहचान पत्रों और सत्यापन रिकॉर्ड की जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शहर में स्पा सेंटर की आड़ में किसी भी प्रकार के अवैध कारोबार या देह व्यापार जैसी संदिग्ध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हिरासत में लिए गए सभी आरोपियों से गहनता से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन सेंटरों के पीछे कौन-कौन से नेटवर्क काम कर रहे हैं।
जयपुर पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि राजधानी में व्यापारिक प्रतिष्ठानों की आड़ में नियम तोड़ने वालों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। पुलिस द्वारा स्पा सेंटरों के लिए जारी स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) के तहत हर कर्मचारी का पुलिस वेरिफिकेशन, एंट्री रजिस्टर का रख-रखाव और पारदर्शी व्यवस्था होना अनिवार्य है।
मुरलीपुरा मामले में पुलिस अब यह जांच कर रही है कि पकड़े गए स्पा सेंटरों के पास वैध लाइसेंस थे या नहीं। यदि जांच में नियमों का गंभीर उल्लंघन पाया जाता है, तो संबंधित स्पा सेंटरों को सील करने के साथ-साथ उनके मकान मालिकों और संचालकों के खिलाफ भी कड़ी कानूनी धाराएं लगाई जाएंगी। इस कार्रवाई के बाद से जयपुर के अन्य इलाकों में चल रहे स्पा सेंटरों के संचालकों में भी हड़कंप का माहौल है।
Updated on:
10 Oct 2026 04:02 pm
Published on:
10 Oct 2026 04:02 pm
बड़ी खबरें
View Allजयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
