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First Time Hair Coloring Tips: बालों में कलर फैशन ट्रेंड फॉलो करने या अपने लुक में बदलाव करने के साथ ही कई लोग सफेद बालों को छिपाने के लिए करवाते हैं। इसके अलावा कुछ लोग किसी खास मौके, पार्टी या नए लुक के लिए टेम्परेरी हेयर कलर करवाना भी पसंद करते हैं। ऐसे में अगर आप पहली बार हेयर कलर करने जा रहे हैं तो कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए, जिससे बाद में आपको कोई परेशानी न हो। आइए जानते हैं बालों से जुड़ी परेशानी से बचने के टिप्स।
अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी (AAD) के मुताबिक, बाजार में मिलने वाले हेयर कलर का इस्तेमाल करने से पहले टेस्ट करना जरूरी है। अगर टेस्ट के बाद त्वचा पर लालिमा, सूजन, जलन या खुजली जैसी परेशानी होती है तो यह एलर्जिक रिएक्शन का संकेत हो सकता है। ऐसी स्थिति में उस डाई को बालों पर नहीं लगाना चाहिए और जरूरत पड़ने पर त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए।
अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी (AAD) के अनुसार, बालों को प्राकृतिक रंग से तीन शेड से ज्यादा हल्का करने पर ज्यादा मात्रा में पेरोक्साइड की जरूरत पड़ सकती है। इससे बालों को ज्यादा नुकसान पहुंचने का खतरा रहता है। इसलिए पहली बार बालों को कलर करते समय अपने नेचुरल हेयर कलर के करीब शेड चुनना बेहतर हो सकता है।
नेशनल हेल्थ सर्विस (NHS) के मुताबिक, हेयर डाई को बताए गए समय से ज्यादा देर तक बालों में नहीं रखना चाहिए। सिर्फ ज्यादा देर तक डाई लगाए रखने से बेहतर रंग मिलने की गारंटी नहीं होती। इसलिए प्रोडक्ट के पैकेट पर दिए गए निर्देशों और तय समय का ध्यान रखना जरूरी है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, हेयर डाई लगाते समय ग्लव्स पहनने चाहिए। इससे हाथों की त्वचा का डाई के सीधे संपर्क में आने से बचाव होता है। साथ ही डाई को लगाने और मिलाने के दौरान प्रोडक्ट के साथ दिए गए निर्देशों का पालन करना जरूरी है।
अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) के अनुसार, हेयर कलर की अलग अलग फॉर्मूलेशन को आपस में न मिलाएं। अलग प्रोडक्ट्स को मिलाने से उनका इस्तेमाल सुरक्षित रहेगा या नहीं, यह तय नहीं किया जा सकता।
नेशनल हेल्थ सर्विस (NHS) के अनुसार, हेयर डाई से त्वचा पर जलन, चुभन, खुजली, रूखापन, खिंचाव या छाले जैसी परेशानी हो सकती है। एलर्जी के लक्षण कभी कभी डाई लगाने के तुरंत बाद नहीं, बल्कि 72 घंटे तक के अंदर दिखाई दे सकते हैं। अगर हेयर कलर के बाद परेशानी बढ़ रही है तो डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, बालों को ब्लीच या लाइट करने वाले प्रोडक्ट बालों की बाहरी सुरक्षा परत को नुकसान पहुंचा सकते हैं। इससे बालों की शाफ्ट पतली और कमजोर हो सकती है और बाल ज्यादा आसानी से टूट सकते हैं। ऐसे ट्रीटमेंट को बहुत ज्यादा बार करने से बाल बेजान और कमजोर नजर आ सकते हैं।
अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी (AAD) के अनुसार, ज्यादा धूप बालों को कमजोर, रूखा, खुरदरा और बेजान बना सकती है। यह असर कलर, ब्लीच या दूसरे केमिकल ट्रीटमेंट किए हुए बालों में ज्यादा देखने को मिल सकता है। इसलिए लंबे समय तक धूप में रहने पर बालों को ढककर रखना बेहतर है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, सिर के बालों के लिए बनी हेयर डाई को आइब्रो या पलकों पर इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से आंखों को गंभीर नुकसान हो सकता है। इसलिए चेहरे के आसपास हेयर कलर इस्तेमाल करने से पहले खास सावधानी रखना जरूरी है।
Updated on:
22 Sept 2026 02:09 pm
Published on:
22 Sept 2026 01:59 pm
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