
मुरादाबाद. सिविल लाइन स्थित जिला कारागार में एक बंदी की मौत का मामला सामने आया है। मौत से दुखी परिजनों ने जेल प्रशासन पर सवाल उठाए हैं। दरअसल, बंदी की हाई कोर्ट से जमानत हो गई थी और बुधवार रात उसका रिहाई का परवाना भी जेल पहुंच गया था। गुरुवार सुबह उसकी जेल से रिहाई होनी थी, लेकिन सुबह जैसे परिजनों को उसकी मौत की खबर मिली तो कोहराम मच गया। जेल प्रशासन ने हार्ट अटैक से मौत की बात कही है। वहीं प्रशासन ने मृतक बंदी के पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद कार्रवाई की बात कही है।
जानकारी के अनुसार संभल के बहजोई थाना क्षेत्र जयरोह हयात नगर निवासी 55 वर्षीय डालचंद पिछले डेढ़ साल से जिला कारागार मुरादाबाद में हत्या के प्रयास के मामले में बंद था। उसे बीती 25 जनवरी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से जमानत मिल गयी थी। जिसे बुधवार को संभल में चंदोसी कोर्ट से मंजूरी भी मिल गयी थी। इसके बाद उसकी रिहाई का परवाना जेल भी शाम तक पहुंच गया था। मृतक बंदी डालचंद के पुत्र वीरपाल ने बताया कि वे कोर्ट में बिलकुल ठीक थे। ऐसा नहीं बताया कि उनकी तबियत खराब है या कोई परेशानी है। उसे सुबह साढ़े सात बजे जेल से फोन आया की डालचंद की तबियत खराब है और वह जिला अस्पताल में भर्ती है, लेकिन जब वे लोग यहां पहुंचे तो उन्हें डालचंद मृत मिले।
यह भी पढ़ें- नव विवाहित जोड़ों ने एक दूजे से ऐसे किया प्यार का इजहार, जिसे सुनकर हंस-हंसकर आप हो जाएंगे लोट-पोट
बंदी की मौत पर प्रशासन की तरफ से तहसीलदार भी जांच करने पहुंचे। बंदी के शरीर पर चोट के कोई निशान नहीं मिले। उधर जेल अधीक्षक एसएचएम रिजवी ने बताया की बंदी ने रात में सीने में दर्द की शिकायत की थी। जिसे इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया गया, वहां उसकी मौत हो गई। जबकि पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
ताजमहल पर आजम के इस बयान से खुश हो जाएंगे भाजपा नेता और हिंदू संगठन, वीडियो देखने के लिए क्लिक करें-
परिजनों को डालचंद की मौत संदिग्ध लग रही है। क्योंकि उनके मुताबिक बुधवार को संभल कोर्ट में डालचंद से उनकी सही सलामत मुलाकात की थी। अब रात में रिहाई का परवाना मिलने के बाद सुबह मौत की खबर किसी के गले नहीं उतर रही है।
Updated on:
9 Feb 2018, 11:33 AM IST
Published on:
9 Feb 2018, 11:29 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.