1 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

राहुल गांधी के वोट चोरी के आरोपों पर एकनाथ शिंदे का करारा पलटवार, बोले- आरोप लगाने के बजाय सबूत पेश करें

Eknath Shinde: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ झूठा प्रचार करने का आरोप लगाया। उन्होंने वोट चोरी के आरोपों पर कांग्रेस को सबूत पेश करने की चुनौती दी और आपातकाल की याद दिलाते हुए विपक्ष को घेरा।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

मुंबई

•

image

Rakesh Mishra

•

Updated: 1 Nov 2026, 2:52 PM IST

eknath shinde

भाजपा की ओर से आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ आंदोलन। फोटो- पत्रिका

Rahul Gandhi: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने विपक्ष पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ झूठा प्रचार करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष लोकतंत्र बचाने के नाम पर जनता को गुमराह कर रहा है, जबकि देश में उसे आंदोलन करने, रैलियां निकालने और प्रधानमंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन करने की पूरी आजादी है। शिंदे ठाणे शहर भाजपा की ओर से आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ आंदोलन को संबोधित कर रहे थे।

आपातकाल की दिलाई याद

उन्होंने कहा कि वर्ष 1975 में देश में आपातकाल लगा था। उस समय विपक्षी नेताओं को जेल में डाल दिया गया था और मीडिया पर पाबंदियां लगा दी गई थीं। आज विपक्ष के नेता खुलेआम आंदोलन कर रहे हैं, इसके बावजूद लोकतंत्र खतरे में होने का आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस पर सर्वोच्च न्यायालय, चुनाव आयोग और संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर सवाल उठाने का आरोप लगाया। शिंदे ने कहा कि न्यायपालिका पर दबाव बनाने और न्यायाधीशों के इस्तीफे की मांग करना बाबा साहेब आंबेडकर के संविधान का अपमान है।

राहुल गांधी से मांगे वोट चोरी के सबूत

राहुल गांधी के वोट चोरी के आरोपों पर पलटवार करते हुए शिंदे ने कहा कि आरोप लगाने से कुछ नहीं होगा, विपक्ष को सबूत भी देने चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि तेलंगाना, कर्नाटक, तमिलनाडु, केरल और हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस की सरकारें बनीं, क्या वहां भी वोट चोरी हुई थी? उन्होंने ईवीएम से चुने गए सांसदों को इस्तीफा देकर वोट चोरी के आरोप साबित करने की चुनौती दी। शिंदे ने उद्धव ठाकरे गुट पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वर्ष 2019 में जनता ने शिवसेना और भाजपा को जनादेश दिया था, लेकिन कांग्रेस के साथ मिलकर सरकार बनाई गई। उनके अनुसार असली वोट चोरी उसी समय हुई थी। उन्होंने कोविड काल में मुंबई महानगरपालिका में कथित वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि उस समय नोटों की चोरी करने वाले आज वोट चोरी की बात कर रहे हैं।

मोदी सरकार के काम गिनाए

शिंदे ने वर्ष 2014 से पहले के भारत और आज के भारत की तुलना करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश ने सुरक्षा के क्षेत्र में मजबूत कदम उठाए हैं। उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ कार्रवाई, ऑपरेशन सिंदूर, आतंकवाद और नक्सलवाद के खिलाफ अभियान, राम मंदिर निर्माण और अनुच्छेद 370 हटाने का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि अगर आज बालासाहेब ठाकरे जीवित होते तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की पीठ थपथपाते।

युवाओं को रोजगार और अवसर देने की बात कही

शिंदे ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को 36 देशों ने सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया है। उन्होंने प्रधानमंत्री को कर्मयोगी बताते हुए कहा कि मां के निधन के बाद भी वे अपने कर्तव्य पर लौटे। उन्होंने कैप्टन स्मिथ के उस कथन का भी उल्लेख किया, जिसमें उन्होंने मोदी को अपना प्रेरणास्रोत बताया था। शिंदे ने विपक्ष को युवाओं के नाम पर राजनीति नहीं करने की नसीहत देते हुए कहा कि युवाओं को रोजगार, कौशल और आगे बढ़ने के अवसर चाहिए। उन्होंने कहा कि मोदी हटाओ का प्रचार सफल नहीं होगा। विपक्ष के झूठे प्रचार का उसी अंदाज में जवाब देना होगा।

बड़ी खबरें

View All

राष्ट्रीय