SIR के विरोध में उतरी CJP के समर्थन में शशि थरूर, बोले- लोकतंत्र में सभी को विरोध का अधिकार
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कोच्चि में आयोजित ‘जंतर-मंतर एट कोच्चि’ विरोध प्रदर्शन का समर्थन किया। उन्होंने SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। वहीं, CJP प्रमुख अभिजीत दीपके ने निष्पक्ष चुनाव प्रणाली की मांग को लेकर आंदोलन जारी रखने की बात कही।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने सीजेपी प्रोटेस्ट का समर्थन किया (Photo-ANI)
Shashi Tharoor Supports CJP Protest: कॉकरोच जनता पार्टी के ‘'जंतर-मंतर एट कोच्चि' विरोध प्रदर्शन का कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर व्यक्ति और संगठन को अपनी बात रखने तथा विरोध जताने का अधिकार है। कांग्रेस सांसद ने कहा कि हम लोकतंत्र में विश्वास करते हैं। उन्हें विरोध प्रदर्शन करने दीजिए। देखते हैं कि जनता की क्या राय है।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि SIR के खिलाफ चल रहा आंदोलन संवैधानिक लोकतंत्र की रक्षा और भारतीय नागरिकों के मतदान के अधिकारों को सुरक्षित रखने के लिए है।
मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग
इस दौरान कांग्रेस सांसद शशि थरूर में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की भी मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि SIR की प्रक्रिया के दौरान निर्वाचन आयोग ने कई ऐसे कदम उठाए, जो गैरकानूनी, अनधिकृत, असंवैधानिक या अनुचित थे।
कांग्रेस सांसद ने आगे कहा कि सुप्रीम कोर्ट में चल रही सुनवाई के दौरान चुनाव आयोग को भी अपनी कुछ कार्रवाइयों में बदलाव करना पड़ा है। थरूर के मुताबिक, फॉर्म-6 में कथित तौर पर अवैध बदलाव, फॉर्म-7 का बड़े पैमाने पर दाखिल होना और सॉफ्टवेयर के जरिए निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (ERO) के अधिकारों को प्रभावित करने जैसे मामले सामने आए हैं।
इस दौरान कांग्रेस सांसद ने सवाल उठाते हुए कहा कि जब ये कदम गलत थे तो इन्हें पहले लागू ही क्यों किया गया? उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में जवाबदेही तय होनी चाहिए। इसी वजह से कांग्रेस मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग कर रही है।
अभिजीत दीपके ने क्या कहा?
शनिवार को कोच्चि एयरपोर्ट पर सीजेपी प्रमुख अभिजीत दीपके ने कहा कि वे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के विरोध में आयोजित 'जंतर-मंतर एट कोच्चि' प्रदर्शन में हिस्सा लेने आए हैं।
उन्होंने कहा कि वे स्थानीय आयोजकों और अभिनेता एवं सामाजिक कार्यकर्ता प्रकाश राज के निमंत्रण पर कोच्चि आए हैं। इस दौरान उन्होंने इस प्रदर्शन को जनता का विरोध प्रदर्शन बताया। उन्होंने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ उनकी पार्टी की लड़ाई तब तक जारी रहेगी, जब तक भारत में एक स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव प्रणाली स्थापित नहीं हो जाती।