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Bengal Election Result 2026: बंगाल में जीत के बाद भी विजय जुलूस नहीं निकाल पाएगी बीजेपी, जानें इसके पीछे की वजह

West Bengal Assembly Election 2026 Results: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 की मतगणना के शुरुआती रुझानों में बीजेपी ने 148 के बहुमत आंकड़े को पार करते हुए करीब 165 सीटों पर बढ़त बना ली है, जबकि ममता बनर्जी की टीएमसी लगभग 123 सीटों पर आगे चल रही है। इन रुझानों से राज्य में सत्ता परिवर्तन के संकेत मिल रहे हैं।

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Bengal Election 2026

बंगाल में रुझानों में बीजेपी को बढ़त (Photo-IANS)

Bengal Election Result 2026: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के मतगणना के रुझानों में बीजेपी मजबूत बढ़त बनाती दिख रही है। शुरुआती ट्रेंड्स में बीजेपी 148 सीटों के बहुमत के आंकड़े को पार कर गई है। अब तक के रुझानों में बीजेपी 165 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। जबकि ममता बनर्जी की पार्टी को बड़ा झटका लगा है। TMC 123 सीटों पर आगे चल रही है। हालांकि अब तक के रुझान से लग रहा है कि प्रदेश में सत्ता परिवर्तन हो सकता है और बीजेपी ने ममता बनर्जी के किले को ढहा दिया है।

क्या विजय जुलूस निकाल पाएगी बीजेपी

अब सवाल यह है कि यदि बीजेपी प्रदेश में सरकार बनाती है तो क्या वह विजय जुलूस निकाल पाएगी या नहीं। दरअसल, चुनाव आयोग ने किसी भी पार्टी को विजय जुलूस निकालने से मना किया है। यह निर्णय मुख्य रूप से कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी तरह की अव्यवस्था या टकराव की स्थिति को रोकने के उद्देश्य से लिया गया है। 

बता दें कि चुनाव परिणामों के दौरान अक्सर राजनीतिक कार्यकर्ताओं में उत्साह चरम पर होता है, जिससे जुलूस, नारेबाजी और भीड़भाड़ की स्थिति बन जाती है। कई बार यह उत्साह हिंसा या झड़पों में भी बदल सकता है, जिससे आम जनता को परेशानी होती है और शांति भंग होने का खतरा बढ़ जाता है।

बीजेपी नेताओं ने क्या कहा? 

शुरुआती रुझानों में बीजेपी को मिल रही बढ़त पर पार्टी नेताओं की तरफ से प्रतिक्रिया सामने आई है। बीजेपी नेता केया घोष ने कहा कि शुरुआती रुझान उम्मीद के मुताबिक हैं। टीएमसी पूरी तरह साफ हो जाएगी और बीजेपी सरकार बनाएगी। इस समय बंगाल की महिलाओं की जो स्थिति है, उसमें बेहतर है कि टीएमसी हमें महिलाओं की सुरक्षा पर ज्ञान न दे। 

भाजपा नेता अपराजिता सारंगी ने कहा कि अब इसे रुझान नहीं कहना चाहिए, क्योंकि नतीजे अब स्थिर हो रहे हैं। मेरा रुझान है कि यह बदलाव का चुनाव था। हमें पहले से ही पता था कि ऐसा होने वाला है। यह नरेंद्र मोदी के सतत प्रयासों और हमारे असफलता की कड़ी मेहनत का नतीजा है।

बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने कहा कि उभरते रुझानों को देखते हुए एक बात बिल्कुल साफ हो गई है कि हमारे प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में और उनके सुशासन के प्रति समर्पण के कारण ‘विकसित भारत’ का जो सपना है, उस पर पूरे देश का अटूट विश्वास है। यह कहना गलत नहीं होगा। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत में राजनीति का एक नया दौर देखने को मिल रहा है, जिसे ‘प्रो-इंकंबेंसी’ कहा जा सकता है। यह ऐसी राजनीति है जिसमें सरकार अपने कामकाज का रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने पेश करती है और भविष्य के लिए स्पष्ट रोडमैप भी देती है।