लोकसभा चुनाव 2019 में 15 पार्टियों को नोटा से भी कम मिले वोट, ये दल भी हैं शामिल

लोकसभा चुनाव 2019 में 15 पार्टियों को नोटा से भी कम मिले वोट, ये दल भी हैं शामिल

Mohit sharma | Publish: Jun, 07 2019 08:03:31 AM (IST) | Updated: Jun, 07 2019 12:38:38 PM (IST) राजनीति

  • लोकसभा चुनाव में जहां भारतीय जनपा पार्टी को शानदार जीत मिली
  • मतदान में 36 पार्टियों में से 15 पार्टियों को नोटा से भी कम वोट मिले
  • कई पार्टियों ने केवल कुछ सीटों पर ही चुनाव लड़ा

 

नई दिल्ली। हाल ही में संपन्न हुए लोकसभा चुनाव में जहां भारतीय जनता पार्टी को शानदार जीत मिली, वहीं कांग्रेस और अन्य विपक्षियों पार्टियों को हार का मुंह देखना पड़ा। लेकिन इस बीच चौंकाने वाली खबर यह है कि मतदान में 36 राजनीतिक पार्टियों में से 15 पार्टियों को नोटा से भी कम वोट मिले। इनमें से कई पार्टियों ने केवल कुछ सीटों पर ही चुनाव लड़ा।

Patrika Bits and Bytes: मनोरंजन से राजनीति और बिजनेस की अब तक 10 बड़ी खबरें

 

लोकसभा चुनाव 2019

गृह मंत्री अमित शाह ने बुलाई बैठक, राज्य मंत्री किशन रेड्डी और NSA डोभाल पहुंचे

2014 में लगभग 1.08 प्रतिशत नोटा

दरअसल, उपरोक्त में से कोई नहीं (नोटा) विकल्प 2014 के लोकसभा चुनावों में प्रस्तुत किया गया था, जो एक निर्वाचन क्षेत्र में सभी उम्मीदवारों की अस्वीकृति को दर्शाता है। इस आम चुनाव में कुल वोटों का 1.06 प्रतिशत मतदान नोटा को प्राप्त हुआ। वहीं 2014 के चुनावों में, कुल मतदाताओं में से लगभग 1.08 प्रतिशत ने नोटा के विकल्प को चुना गया था।

नौतपा के बाद भी गर्मी का कहर जारी, मौसम विभाग ने जारी किया आंधी-तूफान का अलर्ट

 

लोकसभा चुनाव 2019

पाक विदेश सचिव ने ईद पर दिल्ली में पढ़ी नमाज, मोदी-इमरान बैठक की अटकलें तेज

नेशनल कॉन्फ्रेंस को 0.05 प्रतिशत वोट

केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) ने बिहार में 6 लोकसभा सीटें जीतीं, लेकिन उन्हें कुल वोटों में से केवल 0.52 प्रतिशत वोट मिले। तीन सीटों वाली पार्टियां - मार्क्‍सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) को (0.01 प्रतिशत वोट), जम्मू और कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस (0.05 प्रतिशत वोट) और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (0.26 प्रतिशत वोट)- को नोटा की तुलना में कम वोट मिले।

पश्चिम बंगाल में सियासी हिंसा जारी, कूच विहार में TMC कार्यकर्ता की हत्‍या

 

लोकसभा चुनाव 2019

बाबुल सुप्रियो के निशाने पर ममता, कहा- अब उनकी एक्सपायरी डेट बहुत नजदीक

वोट के आधे से भी कम हिस्से को हासिल किया

शिरोमणि अकाली दल (शिअद), ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी और अपना दल ने दो-दो लोकसभा सीटें जीतीं। लेकिन उन्हें अलग से डाले गए कुल वोटों का एक फीसदी से भी कम हिस्सा मिला। लोकसभा में एक सीट के साथ सात राजनीतिक दलों ने वोट के आधे से भी कम हिस्से को हासिल किया हैं।

TDP सांसद नानी ने पार्टी व्हिप पद किया अस्वीकार, Facebook पर लिखा भावुक पोस्ट

 

लोकसभा चुनाव 2019

ममता बनर्जी का भाजपा पर हमला- 'हमसे टकराएगा वो चूर-चूर हो जाएगा'

नागा पीपुल्स फ्रंट को 0.06 प्रतिशत वोट

इसके साथ ही ऑल झारखंड स्टूडेंट्स यूनियन (0.11 फीसदी वोट) और रिवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (0.12 फीसदी वोट) को 0.10 फीसदी से ज्यादा वोट मिले, जबकि पांच पार्टियों को इससे कम वोट मिले। केरल कांग्रेस (मणि) को कुल मतों का 0.07 प्रतिशत, मिजो नेशनल फ्रंट को 0.04 प्रतिशत और नागा पीपुल्स फ्रंट को 0.06 प्रतिशत वोट मिले।

पश्चिम बंगाल: दमदम में TMC नेता की हत्या, बर्दवान में झड़प के बाद आगजनी

लोकसभा चुनाव 2019

नौतपा के ताप से तप रही धरती, ज्योतिष विज्ञान से बढ़ते तापमान की ये है कनेक्शन

सिंगल-सीट बैगर्स नेशनलिस्ट डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी को 0.08 प्रतिशत और सिक्किम क्रांतिकारी मोर्चा को कुल मतों का 0.03 प्रतिशत प्राप्त हुआ।

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned