8 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

उर्दू गेट गिराने के मामले ने फिर पकड़ा तूल, अखिलेश यादव की शिकायत पर चुनाव आयोग ने बिठार्इ जांच

सपा के शासन में बनवाए गए उर्दू गेट तोड़े जाने और पूर्व मंत्री आजम खान के रामपुर पब्लिक स्कूल के कमरों को खाली कराने का मामला
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

रामपुर

•

image

lokesh verma

•

Updated: 18 Mar 2019, 1:40 PM IST

akhilesh yadav

अखिलेश यादव

रामपुर. सपा के शासन में बनवाए गए उर्दू गेट तोड़े जाने और पूर्व मंत्री आजम खान के रामपुर पब्लिक स्कूल के कमरों को खाली कराने का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है। आजम खान की पत्नी आैर राज्यसभा सांसद तंजीम फातमा के चुनावा आयोग को पत्र लिखने के बाद समाजवादी पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी चुनाव आयोग से शिकायत की है। इसके बाद चुनाव आयोग ने जिलाधिकारी आन्जनेय कुमार सिंह के विरूद्ध जांच बिठा दी है। बताया जा रहा है कि इसकी जांच अब मुरादाबाद के कमिश्नर आैर आर्इजी को सौंप दी गर्इ है।

यह भी पढ़ें- लोकसभा चुनावः सपा प्रत्याशी के खिलाफ केस दर्ज, मुन्नी ने कहा- भाजपा के इशारे पर हुर्इ कार्रवार्इ

ज्ञात हो कि जिला प्रशासन ने आजम खान के कार्यकाल में बनाए गए उर्दू गेट को गैरकानूनी बताते हुए गिरा दिया था। इसके बाद प्रशासन ने आजम खान के रामपुर पब्लिक स्कूल के 22 कमरों को खाली कराते हुए यूनानी अस्पताल को सौंप दिया था। जिला प्रशासन ने बताया था कि कमरों पर गैरकानूनी तरीके से कब्जा किया गया था। इस तरह आजम खान के खिलाफ लगातार दो कार्रवार्इ को लेकर सपार्इयों ने जमकर विरोध किया था। आजम खान ने इसका विरोध करते हुए चुनाव के बहिष्कार तक का एेलान कर दिया था। वहीं उनकी पत्नी आैर राज्यसभा सांसद तंजीम फातमा ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर जिला प्रशासन से पति आजम खान को खतरा बताया है। साथ ही उन्हें जेड श्रेणी की सुरक्षा देने की भी मांग की है। उन्होंने सीधा आरोप लगाते हुए कहा है कि प्रशासन लोकसभा के चुनाव में भाजपा को लाभ पहुंचाने के लिए काम कर रहा है। इसलिए जिले के पांच अधिकारियों का तबादला किया जाए।

यह भी पढ़ें- आजम खान की जान का खतरा, चुनाव आयोग से मांगी जेड श्रेणी की सुरक्षा

वहीं इस संबंध में स्वार विधानसभा से आजम खान के पुत्र आैर विधायक अब्दुल्लाह आजम ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात कर जिले के माहौल पर चर्चा की थी। साथ ही शुक्रवार को इसका प्रस्ताव अखिलेश यादव को भी भेजा गया, जिसमें बताया गया था कि रामपुर में प्रशासन की वजह से दहशत का माहौल है। इसके बाद अखिलेश यादव ने शनिवार को मुख्य चुनाव आयुक्त को पत्र भेजा। इस पत्र लेकर सपा नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल चुनाव आयोग से मिला आैर रामपुर के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इसके बाद अब चुनाव आयोग ने जिलाधिकारी आन्जनेय कुमार सिंह के खिलाफ जांच बिठा दी है। बताया जा रहा है कि इसकी जांच अब मुरादाबाद के कमिश्नर आैर आर्इजी को सौंप दी गर्इ है।

भाजपा कार्यालय के बाहर इस वरिष्ठ नेता पर हुआ जानलेवा हमला, खबर सुनते दौड़े भाजपार्इ, देखें वीडियो