
अमेरिका का हमास से जुड़े कथित फाइनेंसिंग नेटवर्क पर बड़ा एक्शन , photo source@ANI
Hamas Financing Network: अमेरिका ने हमास की मिलिट्री विंग के एक सदस्य, फ्रांस में रहने वाले दो लोगों और दो जुड़ी हुई संस्थाओं पर प्रतिबंध लगाए हैं। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के अनुसार, ये लोग कई सालों से एक फाइनेंसिंग नेटवर्क चला रहे थे, जिसके ज़रिए कथित चैरिटी और क्रिप्टोकरेंसी चैनलों का इस्तेमाल करके हमास को 2 मिलियन अमेरिकी डॉलर से ज्यादा की रकम भेजी गई।
ट्रेजरी विभाग के ऑफिस ऑफ फॉरेन एसेट्स कंट्रोल (OFAC) ने शुक्रवार को इन प्रतिबंधों की घोषणा की। विभाग ने कहा कि इस कार्रवाई से एक ऐसे फाइनेंसिंग सिस्टम का पता चला है, जिसमें हमास के लिए फंड जुटाने और उसे ट्रांसफर करने के लिए धोखे से चैरिटी के नाम का इस्तेमाल किया जाता था और क्रिप्टोकरेंसी का सहारा लिया जाता था।
ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने कहा कि, हमास जैसे आतंकवादी संगठन अपने कामकाज को जारी रखने के लिए कुशल फाइनेंशियल फैसिलिटेटर्स और धोखाधड़ी वाली योजनाओं पर निर्भर रहते हैं। उन्होंने कहा कि ट्रेजरी हमास को जीवित रहने के लिए जरूरी वित्तीय मदद देने वालों की पहचान करना, उन्हें अलग-थलग करना और उन पर कार्रवाई करना जारी रखेगी। यह कार्रवाई FBI के नेतृत्व वाले बड़े, कई अधिकार-क्षेत्रों वाले ऑपरेशन का हिस्सा थी, जिसमें न्यूयॉर्क पुलिस विभाग जैसे स्थानीय सहयोगी भी शामिल हैं।
ट्रेजरी ने गाजा में रहने वाले सलीम अब्दुल्ला सलीम अल-ज़क को प्रतिबंधित किया है। उसे हमास की मिलिट्री विंग में बटालियन डिप्टी बताया गया है। उस पर मनी सर्विस बिजनेस और क्रिप्टोकरेंसी वॉलेट के जरिए अल-कसम ब्रिगेड को फंड भेजने वाले नेटवर्क की देखरेख का आरोप है। OFAC के अनुसार वह हमास के मीडिया ऑफिस में फोटोग्राफर भी रहा और वरिष्ठ अधिकारियों के काफी करीब था। फ्रांस में रहने वाले फौजी बारिका और अमेल ओउलिड पर कथित चैरिटी चलाकर गाजा के नागरिकों के नाम पर फंड जुटाने का आरोप है।
छह साल की अवधि में तीनों ने हमास के लिए 2 मिलियन डॉलर से ज़्यादा जुटाए। इसमें से 1.5 मिलियन डॉलर 7 अक्टूबर, 2023 के हमले के बाद इकट्ठा हुए। बारिका और ओउलिड ने अल-ज़क को क्रिप्टोकरेंसी से लाखों डॉलर भेजे, जबकि अल-जक ने सोशल मीडिया पर उनके फंडरेजिंग अकाउंट्स का प्रचार किया। बारिका ने अल-जक के साथ फ्रांस में 'एसोसिएशन बराका' बनाई, जबकि ओउलिड ने 'एन्सेम्बल सी मियूक्स' (Ensemble C Mieux) की स्थापना की। ट्रेजरी के मुताबिक दोनों का इस्तेमाल चंदा जुटाकर अल-जक के जरिए हमास तक पहुंचाने में होता था।
Updated on:
03 Oct 2026 05:25 am
Published on:
03 Oct 2026 05:25 am
बड़ी खबरें
View Allविदेश
ट्रेंडिंग
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
