
दंतेश्वरी मंदिर में नवरात्र की तैयारी पूरी (Photo Source- Patrika)
Maa Danteshwari Temple: बस्तर की आराध्य देवी मां दंतेश्वरी के दरबार में शारदीय नवरात्र को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। नौ दिनों तक मंदिर परिसर मां के जयकारों, मंत्रोच्चार और हजारों दीपों की रोशनी से भक्तिमय रहेगा। नवरात्र के प्रथम दिन रविवार सुबह 11 बजे शुभ मुहूर्त में घट स्थापना के साथ देवी आराधना शुरू होगी। इस वर्ष मंदिर में लगभग 8 से 9 हजार तेल और घी के मनोकामना ज्योति कलश प्रज्वलित करने की तैयारी है।
सनातन परंपरा में अखंड ज्योति को आस्था, विश्वास और अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक माना जाता है। मां दंतेश्वरी के दरबार में ज्योति प्रज्वलित कराने की परंपरा से देश-विदेश के श्रद्धालु जुड़े हैं। भक्त परिवार की सुख-समृद्धि, आरोग्य और कल्याण की कामना लेकर माता के चरणों में ज्योत अर्पित करते हैं। मंदिर के ज्योति कलश भवन में हजारों कलश व्यवस्थित किए जा रहे हैं। सेवादार बाती लगाने, तेल भरने और ज्योति प्रज्वलन की अन्य तैयारियों में दिन-रात जुटे हुए हैं।
सभी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है, ताकि शुभ मुहूर्त में विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना शुरू हो सके। घट स्थापना के साथ ही मंदिर में धार्मिक अनुष्ठान और दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो जाएगा। आगामी नौ दिनों तक मां के दरबार में भक्तों की भीड़ उमडऩे की संभावना है।
शारदीय नवरात्र के अवसर पर मंदिर परिसर से जयस्तंभ तक सजावट और आकर्षक लाइटिंग की तैयारियां की जा रही हैं। रोशनी से जगमगाता मंदिर परिसर श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण रहेगा। नवरात्र के दौरान स्थानीय लोगों के साथ दूर-दराज के गांवों और दूसरे राज्यों से भी बड़ी संख्या में भक्त मां के दर्शन के लिए पहुंचते हैं।
मां दंतेश्वरी मंदिर बस्तर की आस्था और सांस्कृतिक परंपरा का प्रमुख केंद्र है। मनोकामना ज्योति प्रज्वलित कराने की परंपरा पीढिय़ों से श्रद्धालुओं की आस्था का हिस्सा रही है। नवरात्र के दौरान मंदिर के आसपास मेला भी लगता है, जहां दूर-दराज से व्यापारी दुकानें लेकर पहुंचते हैं। पदयात्रा कर आने वाले श्रद्धालुओं से क्षेत्र में धार्मिक उत्साह और चहल-पहल बनी रहती है।
नवरात्र की तैयारियों के बीच इस बार पदयात्री सुविधा केंद्र नहीं बनाए जाने की बात सामने आई है। इससे पैदल आने वाले दूरस्थ क्षेत्रों के श्रद्धालुओं को विश्राम की सुविधा के लिए परेशानी हो सकती है। वहीं, व्यापारी संघ की ओर से आयोजित होने वाला नि:शुल्क भंडारा भी इस वर्ष नहीं लगेगा। जानकारी के अनुसार, प्रशासन द्वारा गैस सिलेंडर की मांग स्वीकार नहीं किए जाने के बाद संघ ने भंडारा नहीं लगाने का निर्णय लिया है। इसके अलावा सजावट, टेंट, लाइटिंग और साउंड सिस्टम सहित विभिन्न व्यवस्थाओं के खर्च में भी कटौती की गई है।
शारदीय नवरात्र के दौरान मां दंतेश्वरी के दरबार में प्रज्वलित होने वाली हजारों मनोकामना ज्योत श्रद्धालुओं की आस्था और समर्पण का प्रतीक बनेंगी। घट स्थापना से शुरू होने वाली देवी आराधना के साथ दंतेवाड़ा में नौ दिनों तक भक्ति और धार्मिक उत्साह का माहौल रहेगा।
Updated on:
11 Oct 2026 12:56 pm
Published on:
11 Oct 2026 12:56 pm
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