
इंदौर. इंदौर में एक दिलदहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक नाबालिग मां ने अपने ढाई महीने के मासूम बेटे की गला घोंटकर हत्या कर दी। बेटे को मारने के बाद मां ने पहले तो पुलिस को गुमराह करते हुए बेटे के बीमारी से मरने का कारण बताया लेकिन बाद में अपना जुर्म कबूल लिया। नाबालिग मां ने बताया कि बेटा बार-बार रोता था और वो उसे संभाल नहीं पा रही थी इसलिए हमेशा के लिए खामोश कर डाला।
प्रेमी के साथ घर से भागी थी नाबालिग
मां के बेटे की हत्या करने का सनसनीखेज मामला इंदौर के खजराना थाना इलाके का है। जानकारी के मुताबिक इलाके में रहने वाली एक 16 साल की नाबालिग जुलाई 2020 में इलाके के ही रहने वाले फरहान नाम के युवक के साथ घर से भाग गई थी। जिसकी गुमशुदगी लड़की के परिजन ने पुलिस में दर्ज कराई थी। पुलिस ने करीब एक साल बाद दोनों को पीथमपुर से ढूंढ निकाला था। तब नाबालिग 4 महीने की प्रेग्नेंट थी। तब पुलिस ने नाबालिग के प्रेमी को पकड़कर जेल भेज दिया था और बाद में इसी साल 15 मार्च को नाबालिग ने बेटे को जन्म दिया था और 31 मई को उसकी हत्या कर दी।
बार-बार रोता था इसलिए मार डाला
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक नाबालिग का बेटा जन्म के बाद से काफी कमजोर था जिसके कारण उसके डीएनए टेस्ट के लिए कहा गया था। बीते दिनों जब नाबालिग से पुलिस अधिकारी ने बेटे का टेस्ट कराने के लिए कहा तो पता चला कि बच्चे की तो मौत हो चुकी है। बेटे की मौत कैसे हुई इस सवाल पर पहले तो नाबालिग ने बेटे की तबीयत खराब होने की बात कही लेकिन पुलिस को उसकी बातों पर शक था लिहाजा जब सख्ती से पूछताछ की गई तो नाबालिग ने बताया कि बेटा बार-बार रोता था, दिनभर रोता रहता था, वो उसे संभाल नहीं पा रही थी इसलिए गला दबाकर उसे मार डाला। बताया जा रहा कि नाबालिग ने परिजन पर दबाव डालकर प्रेमी को भी जेल से रिहा करा लिया था। पुलिस ने नाबालिग को गिरफ्तार कर बाल संप्रेक्षण गृह पहुंचा दिया है।
Published on:
04 Jun 2022 04:08 pm
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