
फाइल फोटो पत्रिका
Food Security Scheme Update : राजस्थान में खाद्य सुरक्षा योजना से अपात्र लाभार्थियों को हटाने के लिए खाद्य विभाग की ओर से ‘गिवअप अभियान’ चलाया जा रहा है। इसके तहत ऐसे अपात्र लाभार्थी 30 जून तक स्वेच्छा से योजना से अपना नाम वापस ले सकते हैं। निर्धारित समय सीमा के बाद यदि सत्यापन में कोई व्यक्ति अपात्र पाया गया, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि सरकारी नौकरी में कार्यरत व्यक्ति, आयकरदाता, जिनकी वार्षिक आय एक लाख रुपए से अधिक है या जिनके पास कार है, उन्हें योजना के लिए अपात्र माना गया है।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने गुरुवार को खैरथल-तिजारा कलेक्टर कार्यालय में अपने विभाग के अधिकारियों की बैठक कर विभागीय योजनाओं की समीक्षा की, प्रगति जानी और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और निगरानी के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। गोदारा ने गिव अप अभियान को प्रभावी ढंग से क्रियान्वित करने के निर्देश दिए।
मंत्री सुमित गोदारा ने कहा कि आर्थिक रूप से सक्षम उपभोक्ताओं को स्वेच्छा से सब्सिडी वाले राशन का त्याग करने के लिए प्रेरित किया जाए ताकि वास्तविक जरूरतमंद और पात्र लाभार्थियों तक खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ पहुंच सके। पात्र उपभोक्ताओं की शीघ्र पहचान कर उन्हें योजना से तुरंत जोड़ा जाए। उन्होंने अपात्र लाभार्थियों से सब्सिडी वापसी का लक्ष्य तय किया।
मंत्री सुमित गोदारा ने जिला रसद अधिकारी को सभी उचित मूल्य की दुकानों पर पीएम गरीब कल्याण अन्न योजना के बोर्ड लगाने और पं. दीनदयाल अंत्योदय संबल पखवाड़ा के तहत ग्राम पंचायत स्तर पर लगाए जा रहे कैंपों में लाभार्थियों की पात्रता की जांच कर योजना से जोड़ने तथा अपात्र लोगों को गिव अप अभियान के तहत योजना से हटाने के निर्देश दिए।
मंत्री सुमित गोदारा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंचाने में कोई कोताही नहीं हो और आमजन की शिकायतों का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने खाद्य सामग्री वितरण प्रणाली की वर्तमान स्थिति, वितरण की पारदर्शिता, शिकायत निवारण तंत्र और उपभोक्ता अधिकारों को लेकर चर्चा की।
बैठक के पश्चात मंत्री सुमित गोदारा ने पत्रकारों को बताया कि प्रदेश में खाद्य सुरक्षा अभियान को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। प्रदेशभर में अब तक 21 लाख परिवारों ने सब्सिडी छोड़ी है और राज्य में 37 लाख नए पात्र योजना से जोड़े जा रहे है। अभियान के तहत खैरथल-तिजारा जिले में 38376 अपात्र लोगों ने स्वेच्छा से खाद्य सब्सिडी छोड़ दी है।
मंत्री सुमित गोदारा ने जिले में वर्ष 2022 में 22855 परिवारों ने आवेदन किया था। जिसमें से अभी तक 7619 परिवारों को योजना से जोड़ा गया। 3213 परिवारों को अपात्र पाए जाने पर उनके आवेदन को निरस्त किया गया। वर्ष 2025 में अभी तक 7300 परिवारों ने आवेदन किया। जिसमें से 3820 परिवारों को योजना से जोड़ा गया एवं 141 परिवारों को योजना में अपात्र पाए जाने पर आवेदन को निरस्त किया गया।
मंत्री सुमित गोदारा ने कहा कि सक्षम व्यक्ति द्वारा 30 जून तक सब्सिडी नहीं छोड़ी तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि सभी उचित मूल्य दुकानों के डीलर्स का मई माह तक बकाया कमीशन जारी कर दिया गया है।
Updated on:
27 Jun 2025 08:00 am
Published on:
27 Jun 2025 08:00 am
