
China की नई चाल: अब Ladakh के Depsang में नया मोर्चा खोलने की तैयारी में Chinese Army, तस्वीरों से खुलासा
नई दिल्ली। लद्दाख की गलवान घाटी ( Galwan Valley ) में हुए संघर्ष के बाद चीन ( China ) चुप नहीं बैठा है। अब चीन भारत के खिलाफ देपसांग ( Depsang ) में नया मोर्चा खोलना चाहता है। दरअसल, देपसांग में चीनी बेस ( Chinese Base ) के पास कैंप और वाहनों की आवाजाही देखी गई है। इससे साफ संकेत मिलता है, कि पूर्वी लद्दाख में चीन की ओर की जा रही लामपंदी जारी है। सामरिक मामलों के जानकारों का मानना है कि चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ( PLA ) दौलत बेग ओल्डी ( DBO ) और देपसांग सेक्टरों में भारत के खिलाफ मोर्चा खोल सकती है।
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस बात की पुष्टि हो चुकी है कि पूर्वी दौलत बेग ओल्डी में चीन लामबंदी करने में जुटा है। इसका एक प्रमाण यह भी है कि जून में ही चीनी बेस के पास पीएल के कैंप और वाहन दिखाई दिए हैं। रिपोर्ट के अनुसार चीन ने ये बेसों का निर्माण 2016 से पहले ही किया था। लेकिन हाल ही में जारी की गई सैटेलाइट तस्वीरों से खुलासा हुआ है कि यहां पर नए कैंप और वाहनों के आवागमन के लिए ट्रैक बनाए गए हैं। अब इस बात की पुष्टि जमीनी ट्रैकिंग के माध्यम से भी कर ली गई है। हालांकि भारत को इस बात की खबर मई में ही लग चुकी थी। इसी का नतीजा है कि भारत ने डेपसांग में अपने सैनिकों की तैनाती कर दी थी। आपको बता दें कि 2013 में चीन की सेना ने इस इलाके से ही घुसपैठ की थी।
आपको बता दें कि लद्दाख की गलवान घाटी में भारत और चीनी सैनिकों के बीच हुई झड़प के बाद दोनों देशों के बीच तनाव कम होने का नाम नहीं ले रहा है। दोनों देशों के बीच चल रहे शांति प्रयासों के बीच चीनी सैनिकों ने जहां भारतीय जवानों पर धोखे से हमला कर दिया, वहीं चीन इसके लिए उल्टा भारत को ही जिम्मेदार ठहरा रहा है। ताजा मामला चीनी रक्षा मंत्रालय से जुड़ा हुआ है। मंत्रालय ने एलएसी पर हुए संघर्ष के लिए पूरी तरह से भारत को जिम्मेदार ठहराया है।
Updated on:
24 Jun 2020 08:54 pm
Published on:
24 Jun 2020 08:27 pm
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