
भवानीपुर में ममता बनर्जी और सुवेंदु अधिकारी के बीच मुकाबला है (Photo-IANS)
Bhabanipur Assembly Election Result: पश्चिम बंगाल में दो चरणों में मतदान हुआ है। पहले चरण के लिए 23 अप्रैल और दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को वोटिंग हुई। इस बार सबकी नजर भवानीपुर विधानसभा सीट पर है। यह तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का गढ़ रही है।
2026 के विधानसभा चुनावों में यह सीट सुर्खियों में है क्योंकि बीजेपी ने यहां से नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी को मैदान में उतारा है। इस सीट पर सीएम ममता बनर्जी और सुवेंदु अधिकारी के बीच दूसरा सीधा मुकाबला माना जा रहा है। दोनों नेताओं के बीच पहला 2021 में नंदीग्राम में हुआ था, जिसमें सुवेंदु अधिकारी ने जीत हासिल की थी।
2016 के विधानसभा चुनाव (Assembly Election 2016) में ममता बनर्जी ने भवानीपुर से चुनाव लड़ा और भारी मतों से जीत दर्ज की। ममता को 65,520 वोट मिले थे, जबकि कांग्रेस की दीपा दासमुंशी को 40,219 वोट और बीजेपी के चंद्र कुमार बोस को 26,299 वोट मिले थे। ममता ने 25,301 वोटों से शानदार जीत हासिल की थी। इस दौरान मतदान प्रतिशत 66.83% रहा था।
2021 के विधानसभा चुनाव (Assembly Election 2021) में ममता बनर्जी ने बड़ा फैसला लिया। उन्होंने भवानीपुर छोड़कर नंदीग्राम से चुनाव लड़ा। नंदीग्राम से ममता बनर्जी का मुकाबला सुवेंदु अधिकारी से था। उस समय सुवेंदु टीएमसी छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए थे। इस चुनाव में ममता बनर्जी को 1956 वोटों से हार का सामना करना पड़ा। हालांकि टीएमसी ने राज्य में सरकार बनाई, लेकिन ममता बनर्जी को हार का सामना करना पड़ा था।
भवानीपुर में टीएमसी के सोवंदेब चट्टोपाध्याय ने बीजेपी के रुद्रनील घोष को 28,719 वोटों के अंतर से हराया। सोवंदेब को 73,505 वोट मिले, जबकि बीजेपी को 44,786 वोट मिले।
वहीं ममता को मुख्यमंत्री बने रहने के लिए भवानीपुर उपचुनाव लड़ना पड़ा। सितंबर 2021 के उपचुनाव में उन्होंने रिकॉर्ड अंतर से जीत हासिल की। ममता को 85,263 वोट मिले, वहीं बीजेपी प्रियंका तिबरेवाल को 26,428 वोट मिले। ममता बनर्जी ने 58,835 वोटों से जीत हासिल की थी। यह भवानीपुर का अब तक का सबसे बड़ा जीत का अंतर रहा था।
2016 से 2021 तक भवानीपुर में टीएमसी की बढ़त बनी रही, लेकिन बीजेपी का वोट शेयर लगातार बढ़ा। 2021 के सामान्य चुनाव में भाजपा 35% के करीब पहुंच गई। लोकसभा चुनावों में भी अंतर घटा। मतदाता सूची संशोधन, बाहरी मतदाताओं का मुद्दा और हिंदू वोट बैंक जैसे फैक्टर इस बार चर्चा में हैं। सुवेंदु अधिकारी नंदीग्राम के हीरो के रूप में भवानीपुर में भी दम दिखाने का दावा कर रहे हैं, जबकि ममता अपनी जड़ों और विकास कार्यों पर भरोसा जता रही हैं।
Published on:
04 May 2026 06:20 am
